झारखंड के हजारीबाग में कोर्ट परिसर में हुई गैंगवार किसी ताजा घटना का परिणाम नहीं था, यह झारखंड के दो बड़े गैंगों के बीच पिछले 20 सालों से चली आ रही गैंगवार की एक अगली कड़ी मात्र था। गैंगवार में मारा गया सुशील श्रीवास्तव कभी उसी गैंग का सदस्य रहा था जिसने उसे कोर्ट में हमला कर मौत के घाट उतार दिया।
दो गुटों की गैंगवार में एक-एक कर अभी तक दर्जनभर लोगों को मौत के घाट उतारा जा चुका है। पुलिस की मानें तो सुशील पर हमले के मामले में उसके पूर्व साथी भोला पांडेय गिरोह पर शक जताया रहा है।
यह था मामला
झारखंड के हजारीबाग अदालत में दिन दहाड़े हुई फायरिंग में तीन लोगों की मौत हो गई। यह घटना दोपहर 11 बजे की है। एनडीटीवी के अनुसार, कोर्ट परिसर में हुई फायरिंग में एके- 47 का इस्तेमाल किया गया है। राइफल एके- 47 करीब 30 राउंड फायरिंग की गई।
बताते हैं कि उगाही के आरोप में पिछले पांच से जेल में बंद गैगस्टर सुशील श्रीवास्तव पेशी के लिए लाया गया था जिसकी इस फायरिंग में हत्या कर दी गई। सुशील श्रीवास्तव के साथ उसका साथी भी मारा गया। सुशील एक हत्या के मामले में भी दोषी ठहराया जा चुका है।