फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Jharkhand: विकास के दावों की खुली पोल, सड़क नहीं होने से बेटे का शव कंधे पर ढोने को मजबूर हुआ पिता

Sat, 02 Aug 2025 06:42 PM IST
आशुतोष प्रताप सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची

सार

झारखंड के चतरा जिले के प्रतापपुर प्रखंड के कुब्बा गांव में विकास की पोल तब खुल गई जब सड़क नहीं होने के कारण एक पिता को अपने बेटे का शव दो किलोमीटर तक कंधे पर उठाकर ले जाना पड़ा। 
 
विज्ञापन
सड़क न होने से शव को कंधे पर उठाकर ले गया पिता - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

झारखंड में विकास के तमाम दावों के बीच चतरा जिले के प्रतापपुर प्रखंड स्थित कुब्बा गांव से एक शर्मनाक और दिल दहला देने वाली तस्वीर सामने आई है, जो सरकारी व्यवस्था और आधारभूत सुविधाओं की हकीकत को उजागर करती है। सड़क न होने के कारण एक पिता को अपने बेटे के शव को कंधे पर ढोकर दो किलोमीटर पैदल चलना पड़ा। घटना प्रतापपुर प्रखंड के आदिवासी बहुल कुब्बा गांव की है, जहां आदिम जनजातियों — बिरहोर, गंझू और भोक्ता — की आबादी रहती है। गांव तक सड़क नहीं पहुंची है और बारिश के मौसम में हालात और भी बदतर हो जाते हैं। शुक्रवार को इसी गांव में रहने वाले भोला गंझू के नाबालिग बेटे की मौत गांव के एक 'आहर' (तालाब) में डूबने से हो गई। शव को पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल ले जाना जरूरी था, लेकिन गांव तक सड़क न होने के कारण एम्बुलेंस वहां तक नहीं पहुंच सकी।
विज्ञापन



ये भी पढ़ें: जहानाबाद में डायरिया का कहर जारी, काको बाजार के अधेड़ की मौत, परिजनों ने बीमारी को बताया कारण
विज्ञापन



बेबस पिता भोला गंझू ने अपने बेटे के शव को कपड़े में लपेटा और कंधे पर उठाकर दो किलोमीटर दूर उस जगह तक पैदल चला, जहां एम्बुलेंस खड़ी थी। इस पूरे रास्ते में उसकी आंखों में दुख, बेबसी और व्यवस्था के प्रति गुस्सा साफ झलकता रहा। शव के साथ भटकते इस पिता की तस्वीरें न सिर्फ दिल को झकझोर देती हैं, बल्कि सरकारी तंत्र की लापरवाही की पोल भी खोलती हैं। बताया जाता है कि प्रतापपुर क्षेत्र के कई गांव आज भी सड़क जैसी बुनियादी सुविधाओं से वंचित हैं। बारिश के मौसम में इन गांवों तक पैदल पहुंचना भी चुनौती बन जाता है। कुब्बा जैसे गांव, जो जंगल और पहाड़ियों के बीच बसे हैं, वहां कोई पक्की सड़क नहीं है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें