राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के सरसंघचालक डॉक्टर मोहन भागवत का कहना है कि देश की जनसंख्या संतुलित होनी चाहिए। उन्होंने देश में जनसंख्या नियंत्रण कानून लाने की वकालत की। साथ ही यह भी कहा कि कानून ऐसा बनना चाहिए जिससे देश को नुकसान न हो।
आरएसएस प्रमुख ने टुकड़े-टुकड़े गैंग के देश को तोड़ने की बात करने के सवाल पर कहा कि आप निश्चित रहें, देश नहीं टूटेगा। आप जिस गैंग की बात कर रहे हैं, वे गलतफहमी में न रहें। यहां रहने वाले सभी हिंदू हैं। डीएनए से भी यह साबित हो चुका है। यहां से जब भी कोई विदेश जाए तो उसे हिंदू के नाम से जाना जाता है।
भागवत ने एक सवाल के जवाब में कहा कि संघ का कोई राजनीतिक एजेंडा नहीं है। यह संगठन सत्य पर आधारित है। संघ समय-समय पर समाज के मुद्दों को उठाता रहता है। जरुरत होने पर उसकी व्याख्या की जाती है। सरकार में संघ के स्वयंसेवक हैं। वे खुद अपने फैसले लेते हैं।