जम्मू। भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा की जीरो लाइन के किनारे बसे 46 गांवों में बिजली और पानी के गंभीर संकट से गुस्साए ग्रामीणों का सब्र सोमवार को टूट गया। बुनियादी मांगों को लेकर सैकड़ों ग्रामीणों ने मंडलायुक्त कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन और संबंधित विभागों के उपेक्षापूर्ण रवैये के खिलाफ नारेबाजी की और अधिकारी को मांग पत्र सौंपा।
लोगों ने कहा कि पहले ही भौगोलिक और सुरक्षा संबंधी चुनौतियों का सामना कर रहे हैं, ऊपर से बिजली-पानी जैसी बुनियादी सुविधाओं के लिए तरसना पड़ रहा है। फसलों को पानी की सख्त जरूरत है लेकिन सीमावर्ती गांवों के अंतिम छोर तक सिंचाई नहीं हो पा रही है। समय पर पानी न मिलने के कारण खेतों में खड़ी फसलें सूख रही हैं।