बीज पूरी तरह से उपचारित
बीज पूरी तरह से उपचारित है। ऐसे में फरवरी के अंत में मौसम में बदलाव के दौरान फसल येलोरास्ट बीमारी की चपेट में आने की आशंका कम रहेगी। फरवरी में इस बीमारी के कारण भी फसल बरबाद हो जाती है।
35 से 38 क्विंटल प्रति हेक्टेयर है पैदावार
राज 4083 की पैदावार प्रति हेक्टेयर 35 से 38 क्विंटल प्रति हेक्टेयर रहेगी, जबकि अन्य बीजों की पैदावार 40 से 42 क्विंटल प्रति हेक्टेयर के आसपास रहती है। देर से बिजाई से फसल की पैदावार पर ज्यादा असर नहीं पड़ेगा।
राज 4083 गेहूं का बीज किसानों को मुहैया करवाया जाएगा। इस बार किसान गेहूं बिजाई करने में लेट हो गए हैं। बिजाई के बाद यह किस्म 90 दिनों में फसल तैयार कर देती है। मार्च अंत तक कटाई का काम शुरू हो जाएगा।
- रविंद्र थपलू, डिप्टी डायरेक्टर, कृषि विभाग