फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जम्मू-कश्मीरः पहले चरण में डीडीसी की 43 सीटों पर हुआ मतदान, शांतपूर्ण तरीके से हुई वोटिंग

Sat, 28 Nov 2020 11:27 AM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
विज्ञापन
मतदान करते हुए मतदाता - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
जम्मू-कश्मीर में जिला विकास परिषदों (डीडीसी) के लिए पहले चुनाव के पहले चरण का मतदान हुआ। पहले चरण में 43 सीटों पर मतदान हुआ। मतदान दोपहर 2 बजे शांतिपूर्ण तरीके से समाप्त हो गया। डीडीसी चुनाव आठ चरणों में होंगे। 19 दिसंबर को आखिरी चरण होगा। 22 दिसंबर को काउंटिंग होगी। 
विज्ञापन


नेशनल कॉन्फ्रेंस, पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी), पीपुल्स कॉन्फ्रेंस और सीपीआई (एम) सहित पार्टियों ने गुपकार घोषणा के लिए पीपुल्स एलायंस का गठन किया और पहली बार डीडीसी चुनाव लड़ रहे हैं। राष्ट्रीय दल भाजपा और कांग्रेस भी मैदान में हैं।

राज्य चुनाव आयुक्त केके शर्मा ने कहा कि कोविड-19 दिशा-निर्देशों के तहत वोटिंग कराई जा रही है। उन्होंने कहा कि सुरक्षा सहित सभी व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई। 
विज्ञापन


पहले चरण में 1,475 प्रत्याशियों की किस्मत दांव पर है। पहले चरण में 296 प्रत्याशी डीडीसी चुनाव में अपनी चुनावी किस्मत आजमा रहे हैं जिनमें से 172 प्रत्याशी कश्मीर घाटी के है जबकि 124 उम्मीदवार जम्मू क्षेत्र में खड़े हैं। पंचायत उपचुनाव में 899 प्रत्याशी पंच के लिए लड़ रहे हैं जबकि 280 प्रत्याशी सरपंच का चुनाव लड़ रहे हैं। मतदान के लिए 2,644 मदतान केंद्र बनाए गए हैं और पहले चरण में 7,03,620 मतदाता पंजीकृत हैं।

प्रशासनिक स्तर पर मतदान सफल बनाने के लिए कड़े सुरक्षा प्रबंध किए गए हैं। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने कहा कि कड़ी सुरक्षा में मतदान हो रहा है। अभी तक शांतिपूर्ण तरीके से मतदान हुआ। 

इस दौरान मतदान केद्रों पर लोगों में भारी उत्साह दिखाई दिया। अनुच्छेद 370 के अधिकतर प्रावधानों को समाप्त किए जाने के बाद पश्चिमी पाकिस्तान से आए शरणार्थी, वाल्मिकी और गुरखा आदि समुदाए के लोग अब जम्मू कश्मीर में स्थानीय चुनाव में वोट डालने, जमीन खरीदने एवं नौकरियों के लिए आवेदन करने के पात्र हो गए हैं। वे चुनाव भी लड़ सकते है।

पांच अगस्त 2019 को केंद्र ने जम्मू कश्मीर का विशेष दर्जा समाप्त कर दिया था और उसे जम्मू कश्मीर एवं लद्दाख दो केंद्र शासित प्रदेशों में बांट दिया था। इसके बाद सरकार ने कई कानून लागू किए जिनमें जमीन और नागरिकता से जुड़े कानून भी शामिल हैं।

जम्मू के बाहरी इलाके के अखनूर प्रखंड के कोट घारी में एक मतदान केंद्र के बाहर कतार में खड़ी पश्चिम पाकिस्तान शरणार्थी समुदाय की युवती सुजाती भारती ने कहा हमने समानता, न्याय एवं आजादी जैसे शब्द सुने हैं और आज हम इन शब्दों के असली मायने महसूस कर रहे हैं। 

उसने विशेष दर्जा हटाने के केन्द्र के फैसले के लिए उसे धन्यवाद दिया और कहा कि उसके समुदाय के लोग 70 साल के बाद स्थानीय चुनाव में अपने मताधिकार का इस्तेमाल कर रहे हैं।

भारती ने कहा कि वह स्थायी निवासी के रूप में कतार में मुक्त महसूस कर रही है । उसने कहा कि आखिरकार सात दशक के लंबे संघर्ष के बाद न्याय मिला। संसदीय चुनाव छोड़कर ये शरणार्थी पिछले साल तक जम्मू कश्मीर में विधानसभा, पंचायत और शहरी स्थानीय निकाय चुनाव में मतदान से वंचित थे।

अन्य मतदाता बिशन दास (67) ने कहा कि वह अतीत को नहीं याद करना चाहते हैं लेकिन उन्हें उज्ज्वल भविष्य की आस है जिसमें उनके पोते-पोतियां, नाती-नातिनें बाहर जाए बिना नौकरियां पा सकते हैं। उन्होंने कहा कि हम सशक्त हो गए। पहले कोई भी वोट मांगने के लिए हमारे यहां नहीं आया करता था। आज हर उम्मीदवार तीन बार दरवाजे पर आया।

विभाजन के बाद पाकिस्तान से आए पश्चिम पाकिस्तान के ज्यादातर शरणार्थी आर एस पुरा, अखनूर, सांबा, हीरानगर और जम्मू में बस गए। इस केंद्र शासित प्रदेश में डेढ़ लाख से अधिक शरणार्थी हैं।

जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले में जिला विकास परिषद (DDC) चुनाव के पहले चरण का मतदान जारी है। डोडा के जिला विकास आयुक्त ने कहा कि भलसा और चंगा निर्वाचन क्षेत्रों में मतदान सुबह 7 बजे से शुरू हुआ। मतदाता उत्साह के साथ वोट कर रहे हैं। 


जम्मू जिले के अखनूर में गरखल गांव में डीडीसी चुनाव के पहले चरण के मतदान में मतदाता जमकर वोट कर रहे हैं। गोरखाल स्कूल और ग्राम पंचायत घर की तस्वीर
 

जम्मू जिले के अखनूर क्षेत्र में जिला विकास परिषद (डीडीसी) चुनाव के पहले चरण में मतदान प्रक्रिया में भाग लेते मतदाता 
 

जिला माध्यमिक विकास परिषद (डीडीसी) चुनाव के पहले चरण में वोट देने के लिए मतदाताओं की लाइन लगी है। बडगाम में सरकारी माध्यमिक विद्यालय रायथान में एक मतदान केंद्र की तस्वीर
 

केंद्रशासित प्रदेश में जिला विकास परिषद (डीडीसी) चुनाव के पहले चरण के लिए मतदान जारी है। श्रीनगर जिले के हरवन इलाके में मतदान करते हुए मतदाता
 


जम्मू-कश्मीर के उधमपुर में जिला विकास परिषद (डीडीसी) चुनाव के पहले चरण के लिए मतदान जारी है। 43 निर्वाचन क्षेत्रों में मतदान चल रहा है। 25 कश्मीर और 18 जम्मू में।
 

केंद्रशासित प्रदेश में जिला विकास परिषद (डीडीसी) चुनाव के पहले चरण के लिए मतदान जारी है। बडगाम जिले के खानसाहिब तहसील में शमसाबाद में वोटिंग की तस्वीर। 
 
 

 
विज्ञापन

आपको बता दें कि जम्मू-कश्मीर पुलिस, आर्म्ड पुलिस, सीआरपीएफ के अलावा देश के विभिन्न हिस्सों से पुलिस बल की 165 अतिरिक्त कंपनियों की तैनाती मतदान केंद्रों व इसके आसपास के अलावा उम्मीदवारों को सुरक्षा मुहैया करवाने में कर दी गई है। 

डीजीपी दिलबाग सिंह के अलावा जम्मू व कश्मीर संभागों के पुलिस महानिरीक्षक व जिला स्तर पर एसएसपी सुरक्षा ग्रिड की निगरानी कर रहे हैं। राज्य चुनाव आयुक्त केके शर्मा के अनुसार जिला विकास परिषद के चुनाव को शांतिपूर्ण ढंग से करवाने के लिए सुरक्षा को पुख्ता बना दिया गया है।

165 अतिरिक्त पुलिस बल की कंपनियों को तैनात किया गया है। 28 नवंबर को सुबह सात से दोपहर दो बजे तक डीडीसी की 43 सीटों पर मतदान होगा। इन सीटों में 17 सीटें जम्मू संभाग व 26 सीटें कश्मीर संभाग में हैं। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें