जम्मू विश्वविद्यालय में स्मार्ट आश्रम खोलने की योजना है। यह जानकारी विश्वविद्यालय के वीसी प्रो. उमेश राय ने इंदिरा गांधी नेशनल सेंटर फॉर आर्ट्स और क्लस्टर विश्वविद्यालय जम्मू आदि के सहयोग से आयोजित पंच प्रण महोत्सव के शुभारंभ अवसर पर दी। इस मौके पर मुख्य अतिथि के रूप में उप राज्यपाल मनोज सिन्हा भी मौजूद रहे।
साथ ही वीसी ने बताया कि क्षेत्रीय भाषाओं को बढ़ावा देने के कई कदम उठाए गए हैं। भारतीय संविधान को डोगरी में अनुवादित किया जाएगा। इसके लिए ट्रांसलेशन क्लब खोला गया है। वहीं, छात्रों ने देश को सशक्त बनाने की भी शपथ ली।
उन्होंने बताया कि जम्मू-कश्मीर आदिकाल से संस्कृति का केंद्र रहा है। उसी को ध्यान में रखते हुए जम्मू विश्वविद्यालय में एक पीठ स्थापित करने के उद्देश्य से पंच प्रण महोत्सव का आयोजन किया जा रहा है, ताकि छात्र उस इतिहास से अवगत हो सकें। उन्होंने बताया कि विश्वविद्यालय में अब सेंटर फॉर स्किल एंटरप्रेन्योरशिप एंड इनोवेशन खोला गया है, जिससे छात्रों को सहायता मिल रही है।
इसके अलावा शोध के लिए भी राशि मुहैया करवाई दी गई है। लैब टू लैंड और लैंड टू लैब की व्यवस्था विश्वविद्यालय में शुरू कर दी है। छात्रों के विकास के लिए आईआईटी रुड़की समेत अन्य कई संस्थानों के साथ समझौते किए हैं। विश्वविद्यालय और अधीनस्थ कैंपसों में नए कोर्स शुरू किए गए हैं, जिनकी पढ़ाई इसी सत्र से शुरू होगी। डिजाइनिंग यूवर डिग्री का कोर्स भी शुरू किया जा रहा है।
जम्मू यूनिवर्सिटी पोस्ट समाचार पत्र का विमोचन किया गया। मीडिया विभाग के छात्रों ने पहली बार अपना समाचार पत्र तैयार किया है। वीसी ने कहा कि छात्र अब कंपनी भी स्थापित करेंगे। इस मौके पर उच्च शिक्षा विभाग के प्रधान सचिव अलोक कुमार, राष्ट्रपति के प्रेस सचिव अजय कुमार सिंह, विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार प्रो. अरविंद जसरोटिया आदि उपस्थित रहे।