अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। मई में जहां सूरज की प्रचंड गर्मी लोगों को परेशान करती है। इस बार मई के सूरज पर बादलों का घेरा है। मैदानी इलाकों में बेमौसमी बारिश और पर्वतीय क्षेत्रों में हिमपात के कारण पारा गिरने से फरवरी जैसी ठंड का अहसास हो रहा है। जम्मू में दो दिन से रुक-रुककर कर बारिश हो रही है। दिन भर सर्द हवाएं चलती रहीं।
जम्मू में मंगलवार का अधिकतम तापमान 22.8 डिग्री और न्यूनतम 16.8 डिग्री सेल्सियस रहा, जो तीन फरवरी को अधिकतम 21 डिग्री और न्यूनतम आठ डिग्री सेल्सियस था। वहीं, अप्रैल में पारा 38 डिग्री तक पहुंच चुका था। मई में बदले मौसम से लोगों को गर्मी से काफी हद तक राहत दिलाई है। हालांकि बेमौसमी बारिश का खेतीबाड़ी और लोगों के स्वास्थ्य पर असर पड़ रहा है। धूप निकलने से गर्मी होने और एकाएक बारिश से ठंड सेहत को नुकसान पहुंचा रही है।
सड़कों पर जलभराव, बिजली कटौती से राहत
मंगलवार सुबह पांच से नौ बजे तक शहर के कई हिस्सों में बारिश हुई। अधिकतर लोगों ने पंखे बंद रखे और ठंड से बचने के लिए गर्म कपड़ों का सहारा लिया। उधर, बारिश के बाद शहर की कई सड़कों और इलाकों में जलभराव की स्थिति रही। मौसम में आए बदलाव से बिजली कटौती भी कम हुई है। आगामी दिनों में भी मौसम के उतार-चढ़ाव से तपिश से छुटकारा मिलेगा।
गिरते पारे को नजरअंदाज न करें, बिगड़ रही सेहत
बारिश-बर्फबारी के बीच गिरते पारे को नजरअंदाज करना आपकी सेहत बिगाड़ सकता है। मौजूदा बने मौसम में लोग खांसी, जुकाम और बुखार से पीड़ित हो रहे हैं। इसमें बच्चों से लेकर हर आयु वर्ग के लोग प्रभावित हैं। जम्मू के दिन के तापमान की बात करें तो मंगलवार को यहां सामान्य से 13 डिग्री तक पारा नीचे गिर गया, यानी तापमान की नजाकत को न समझने वाले अधिक प्रभावित हो रहे हैं। गांधीनगर अस्पताल जम्मू के चिकित्सा अधीक्षक डाॅ. प्रवीन योगराज के अनुसार पिछले दो दिन से बारिश के कारण तापमान में गिरावट आई है। खासतौर पर शारीरिक रूप से कमजोर बच्चों, बुजुर्गों और पहले से बीमार लोगों की सेहत पर अधिक ध्यान देने की जरूरत है। इस मौसम में खांसी, जुकाम और बुखार हावी है।
ऐसे करें बचाव
1. तापमान के मुताबिक कपड़े पहनें।
2. बच्चों, बुजुर्गों और पहले से बीमार लोगों की सेहत पर खास ध्यान दें।
3. ठंडे पेय पदार्थों और आइसक्रीम आदि से परहेज करें।
4. नहाने के लिए गुनगुने पानी का उपयोग करें।