फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

डांस करने को लेकर उठा विवाद, जम्मू सेंट्रल यूनिवर्सिटी के छात्रों ने हैक की वेबसाइट, डाली बीफ रेसिपी

Wed, 17 Apr 2019 02:10 PM IST
Pranjal Dixit न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू

सार

  • विश्वविद्यालय प्रशासन ने साइबर सेल में दर्ज कराई शिकायत, पुलिस में एफआईआर दर्ज
  • चुनावी सीजन में माहौल खराब करना हो सकती है मंशा
विज्ञापन
सेंट्रल यूनिवर्सिटी की वेबसाइट हुई हैक - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

सेंट्रल यूनिवर्सिटी (सीयू) जम्मू की आधिकारिक वेबसाइट को मंगलवार को कुछ असामाजिक तत्वों ने हैक कर लिया। उस पर बीफ के मुद्दे पर कुछ चीजें डाल कर सांप्रदायिक उन्माद फैलाने की कोशिश की गई है। धर्म विशेष पर अभद्र टिप्पणी भी की गई है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने तुरंत साइबर क्राइम सेल में इस संबंध में शिकायत दर्ज कराई और पुलिस में भी एफआईआर दर्ज करवा दी। मामले की जांच की जा रही है।
विज्ञापन


दरअसल, शुक्रवार को उड़ान फेस्ट के दौरान छात्रों के दो गुटों में हाथापाई हो गई थी, जिसका बीच-बचाव यूनिवर्सिटी प्रशासन ने किया था। उसके बाद सोमवार को कुछ असामाजिक तत्वों ने सोशल मीडिया पर इस लड़ाई को फेक न्यूज बनाकर चलाया, जिसमें बताया गया कि जम्मू के छात्रों ने केरल के छात्रों को देशद्रोही कहा और उन पर हमला किया। सूत्रों के अनुसार इस हाथापाई के दौरान दोनों गुटों के कुछ छात्र भी घायल भी हो गए थे। 

हैकर्स ने अपना नाम केरला साइबर वॉरियर बताया है। उसने केंद्रीय विश्वविद्यालय की वेबसाइट को हैक करने की वजह एबीवीपी और आरएसएस को बताया है और कहा कि हमारे केरला के छात्रों को बीफ खाने वाले, देशद्रोही, जेएनयू के साथ सहानुभूति रखने वाला बताया गया। छात्र यहां पढ़ने के लिए आए हैं न कि यह जानने कि उनको क्या खाना चाहिए और क्या नहीं। 
विज्ञापन


हैकर्स ने विश्वविद्यालय के वीसी पर आरोप लगाया है कि उन्होंने हमारे छात्रों की शिकायत दर्ज करने से मना किया और धमकी दी कि अगर कोई छात्र शिकायत करेगा तो उसको परीक्षा में नहीं बैठने दिया जाएगा। हैकर्स ने चेताया है कि एबीवीपी और आरएसएस से जुड़े जिन छात्रों ने अटैक किया है, उनको निलंबित नहीं किया गया तो हम रैंसमवेयर अटैक (वायरस अटैक) करेंगे। 
Trending Videos
विज्ञापन

'हमारी यूनिवर्सिटी का नाम खराब करने के लिए कुछ शरारती तत्वों ने ऐसा काम किया है। इन सभी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।'- प्रो. एनके त्रिपाठी, प्रॉक्टर सीयूजे

'सरकारी वेबसाइट को हैक करना गंभीर अपराध है। हमने इसकी शिकायत साइबर क्राइम में कर पुलिस में एफआईआर दर्ज करा दी है। इसके अलावा ऑनलाइन रिपोर्टिंग भी की है। आगे की कार्रवाई पुलिस को सौंप दी गई है।'- डॉ. रवि कुमार, रजिस्ट्रार सीयूजे

'विश्वविद्यालय द्वारा ये केस साइबर सेल को सौंप दिया गया है। चुनावी सीजन के कारण भी कुछ लोग अफवाह फैला रहे होंगे। जो होगा पुलिस की कार्रवाई में दोषी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।'- प्रो. डॉ. बच्चा बाबू

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें