-इसके साथ पवन गुप्ता और अनीता राजपूत का फोटो दिया गया है
ब्याज मुक्त ऋण से बुनियादी ढांचे के विस्तार के साथ रोजगार के अवसर बढ़ेंगे
25 हजार से अधिक आंगनवाड़ी और आशा वर्करों को वित्तीय प्रोत्साहन मिलेगा
स्टार्ट अप की दिशा में भी प्रदेश आगे बढ़ेगा
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। केंद्र सरकार के अंतरिम बजट के प्रावधानों से जम्मू कश्मीर में पर्यटन क्षेत्र के साथ स्टार्ट अप को गति मिलने की उम्मीद है। इसके साथ 25 हजार से अधिक आंगनवाड़ी और आशा वर्करों को आयुष्मान भारत के तहत वित्तीय लाभ देने का प्रावधान रखा गया है। हालांकि इनमें अधिकांश पहले ही आयुष्मान का लाभ पा रही हैं।
आल जम्मू होटल एंड लागेज एसोसिएशन के प्रधान पवन गुप्ता ने बताया कि जम्मू कश्मीर में पहले साफ्ट ऋण का प्रावधान था, जिसमें पर्यटन विकास के लिए कम ब्याज दरों पर ऋण उपलब्ध करवाया जाता था। लेकिन हमारी लंबे समय से मांग थी कि ब्याज मुक्त ऋण की सुविधा दी जाए जो इस बार बजट में मिल गई है। उम्मीद है कि इसकी गाइडलाइन में सरल शर्तों को रखा जाएगा, ताकि अधिक से अधिक लोग ब्याज मुक्त ऋण की सुविधा लेकर पर्यटन ढांचे के विस्तार के साथ रोजगार के अवसर बढ़ा सकें। इसके साथ जम्मू में लंबित पर्यटन परियोजनाओं को पूरा करने पर जोर दिया जाना चाहिए। जिसमें कृत्रिम झील, मुबारक मंडी जीर्णोद्वार आदि शामिल है, ताकि पर्यटकों को यहां रोका जा सके। कश्मीर में आगामी ट्रेन चले जाने से जम्मू के कारोबार पर असर पड़ना लाजमी है, ऐसे में नए पर्यटन स्थलों के विकास पर ध्यान केंद्रित किया जाना चाहिए। बजट में राज्यों को प्रतिष्ठित पर्यटन केंद्रों के विकास करने और वैश्विक स्तर पर उनकी ब्रांडिंग करने के लिए प्रोत्साहित करने से जम्मू कश्मीर के पर्यटन क्षेत्र को लाभ मिलेगा। जम्मू कश्मीर में 75 आफबीट पर्यटन स्थलों की पहचान की गई है, जिसमें एडवेंचर सहित अन्य गतिविधियों को बढ़ावा दिया जा रहा है। विशेष तौर पर पैरा ग्लाइडिंग की अधिक संभावनाएं देखी गई हैं। वहीं, एनएचएम आशा वर्कर एसोसिएशन की महासचिव अनीता राजपूता ने कहा कि जम्मू कश्मीर में 13800 के करीब आशा वर्कर स्वास्थ्य योजनाओं के साथ अन्य कार्यों में सेवाएं दे रही हैं। सरकार अगर आयुष्मान योजना के तहत अन्य प्रोत्साहन देती है तो हजारों वर्करों को इससे वित्तीय लाभ मिलेगा। वर्करों की सामाजिक सुरक्षा को सुनिश्चित करने के लिए और कदम उठाए जाने चाहिए। इसी तरह प्रदेश में 12 हजार के करीब आंगनबाड़ी वर्कर्स हैं। देश में स्टार्ट अप को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने कई कदम उठाए हैं। सरकार ने अब तक 1.17 लाख स्टार्ट अप को मान्यता दी है। बजट में घोषणा की गई है कि स्टार्टअप्स के लिए 31 मार्च 2023 को समाप्त हो रहे कुछ टैक्स छूट को 31 मार्च 2025 तक के लिए बढ़ाया जा रहा है। इससे जम्मू कश्मीर के भी पात्र स्टार्ट अप, स्टार्ट अप इंडिया के लिए एक कार्य योजना के तहत खासतौर पर युवा प्रोत्साहन का लाभ उठाएंगे। जेकेईडीआई जम्मू कश्मीर उद्यमिता विकास संस्थान के सेंट्रल पोर्टल पर जम्मू कश्मीर के 666 स्टार्टअप पंजीकृत हैं और यह आंकड़ा बढ़ रहा है।