बिजली संकट को झेल रही जम्मू कश्मीर रियासत के पहले थर्मल पावर प्लांट का सपना नेशनल थर्मल पावर कारपोरेशन (एनटीपीसी) से समझौते के बाद ही गति पकड़ पाएगा। डेवलपमेंट कमिश्नर पावर असगर अली का कहना है कि पावर डेवलपमेंट कारपोरेशन इस दिशा में काम कर रही है।
आधिकारिक सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार केंद्रीय कोयला मंत्रालय ने जम्मू कश्मीर स्टेट पावर डेवलपमेंट कारपोरेशन और एनटीपीसी को संयुक्त उद्यम के तौर पर ओडिशा में कोल ब्लाक आवंटित किया हुआ है। बहरहाल जम्मू कश्मीर स्टेट पावर डेवलपमेंट कारपोरेशन और एनटीपीसी के बीच एमओयू पर हस्ताक्षर होने के बाद ही इस दिशा में आगे बढ़ा जा सकता है।
जम्मू कश्मीर के पहले थर्मल पावर प्लांट को लेकर तीन साल से संशय बना हुआ है। रियासत में पनबिजली का ही उत्पादन हो पा रहा है। सर्दियों में दरियाओं और नदियों में जल स्तर कम हो जाने पर रिकार्ड बिजली उत्पादन में गिरावट आने से बिजली संकट पैदा हो जाता है।
गर्मियों में बिजली की मांग बढ़ने से जम्मू संभाग में बिजली संकट जैसे हालात पैदा हो जाते हैं। थर्मल पावर प्लांट अगर जल्दी लगता हैं तो इससे रियासत में बिजली परिदृश्य में सुधार लाने में काफी मदद मिलेगी।