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Jammu: पुलिस फायरिंग में परवेज की मौत मामले में निलंबित कांस्टेबल गिरफ्तार, घटना के दो महीने बाद हुई कार्रवाई

Wed, 24 Sep 2025 12:11 PM IST
निकिता गुप्ता अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू

सार

पुलिस फायरिंग में निक्की तवी निवासी परवेज की मौत के दो महीने बाद निलंबित कांस्टेबल पवन सिंह को एसआईटी ने गिरफ्तार किया। पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने इसे न्याय की दिशा में अहम कदम बताते हुए कहा कि कानून से ऊपर कोई नहीं है।
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एसआईटी - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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पुलिस फायरिंग में परवेज की मौत मामले की जांच करने वाले विशेष जांच दल (एसआईटी) ने निलंबित पुलिस कांस्टेबल पवन सिंह को गिरफ्तार किया है। घटना होने के दो महीने के बाद एसआईटी ने आरोपी कांस्टेबल के खिलाफ कार्रवाई की है। उसके खिलाफ बीएसएन की धारा 105, 240 और आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। यह मामला सियासी खेमे में भी गरमाया रहा।

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निक्की तवी निवासी परवेज की मौत 25 जुलाई को पुलिस की फायरिंग में हुई थी। मामले के अनुसार विशेष सूचना के आधार पर पुलिस ने संदिग्ध नशा तस्करों का पीछा कर रही थी। सूराचक इलाके में पहुंचने के बाद पुलिस टीम में शामिल कांस्टेबल पवन सिंह ने कथित तौर पर अपनी पिस्तौल से गोली चला दी।

गोली परवेज अहमद को लगी जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। इस मामले में हेड कांस्टेबल बलजिंदर सिंह व कांस्टेबल पवन सिंह को निलंबित किया गया था। पवन सिंह फरार हो गया था। परवेज की मौत के बाद गुज्जर समुदाय में काफी आक्रोश था। इस मामले को लेकर इलाके में कानून-व्यवस्था की स्थिति बिगड़ी थी। लोगों ने पुलिस की जवाबदेही और न्याय की मांग को लेकर प्रदर्शन किए थे। तनाव बढ़ते देख पुलिस ने एसआईटी का गठन किया था। पीड़ित परिवार के घर मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला, सरकार के मंत्रियों से लेकर पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती भी पहुंचीं थीं।
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यह राजनीति मुद्दा भी बना था। सत्तापक्ष और विपक्ष इसमें आमने सामने आए थे। बता दें इस मामले में एसआईटी से कुछ समय पहले ही परवेज के जीजा से भी पूछताछ की गई थी। पवन सिंह की गिरफ्तारी से समुदाय में उम्मीद है कि पीड़ित परिवार को न्याय मिलेगा।

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एसपी साउथ की देखरेख में बनी है एसआईटीपरवेज की मौत के मामले में एसपी साउथ की देखरेख और दोमाना के एसडीपीओ मुदस्सर हुसैन के नेतृत्व में एसआईटी का गठन किया गया था। इसमें नगरोटा के एसएचओ परवेज सज्जाद और सतवारी के एचएचओ जय पाल सिंह और उधमपुर पुलिस से सब- इंस्पेक्टर अब्दुल सत्तार को विशेष रूप से शामिल किया गया था।

महबूबा ने कहा, गिरफ्तारी न्याय की दिशा में महत्वपूर्ण कदम
पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा कि परवेज की दुखद मौत के सिलसिले में गिरफ्तारी न्याय की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। यह याद दिलाता है कि कानून से ऊपर कोई नहीं। इससे कड़ा संदेश जाता है कि पुलिस बल में भी जवाबदेही है।

परवेज निर्दोष व्यक्ति था। उसकी मौत बड़ी क्षति है। यह गिरफ्तारी न्याय मिलने की छोटी सी उम्मीद जगाती है। आईजीपी जम्मू के नेतृत्व में एसएसपी जम्मू जोगेंद्र सिंह निष्पक्ष और पारदर्शी जांच करने के लिए सराहना के पात्र है। यह कदम व्यवस्था में विश्वास बहाली करने में मदद करता है। उम्मीद है कि न्याय प्रक्रिया अपना काम करेगी और उसे न्याय मिलेगा।
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