अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। अगर आप भी ऑफिस या कॉलेज जाने की जल्दी में ‘रैपिडो’ बाइक टैक्सी एप सवारी बुक करते हैं तो सफर अधूरा हो सकता है। शहर की सड़कों पर सरपट दौड़ रही बाइक टैक्सियों के खिलाफ परिवहन विभाग अब ‘सर्जिकल स्ट्राइक’ की तैयारी में है।
अब न केवल चालक, बल्कि ऐसी सेवाओं का इस्तेमाल करने वालों की जेब भी ढीली हो सकती है। परिवहन विभाग से बिना लाइसेंस के ‘रैपिडो’ बाइक टैक्सी सेवा शहर में संचालित हो रही है। रैपिडो बाइक टैक्सी से जुड़े युवाओं का कहना है कि छह महीने बाद जागे परिवहन विभाग के अधिकारियों ने अब बेरोजगार युवाओं को परेशान करना शुरू कर दिया है। शहर की सड़कों पर किफायती सफर का विकल्प बन चुकी बाइक टैक्सी सेवा ‘रैपिडो’ पर अब बंद होगी।
परिवहन विभाग ने स्पष्ट किया कि बिना वैध एग्रीगेटर लाइसेंस के संचालित हो रही इस सेवा को अब सड़कों पर चलने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
विभाग के इस कड़े रुख के बाद रैपिडो की सेवाओं पर पूरी तरह रोक लग सकती है। परिवहन आयुक्त विशेष पॉल महाजन ने आरटीओ, एआरटीओ को सघन चेकिंग के निर्देश दिए हैं। रैपिडो के बंद होने का सबसे सीधा असर उन हजारों यात्रियों पर पड़ेगा जो रोजाना दफ्तर, कॉलेज या बाजार जाने के लिए इस सस्ती सेवा का उपयोग करते हैं।