इंदौर-कटड़ा मालवा एक्सप्रेस सोमवार को अपने निर्धारित समय से एक घंटे की देरी से रवाना हुई। ट्रेन के देरी से रवाना होने का कारण उसमें एसी थ्री टायर की जगह स्लीपर कोच का होना था। ट्रेन में एसी कोच की जगह स्लीपर कोच देखते ही यात्रियों ने हंगामा कर दिया। उनका कहना था कि ऐसी थ्री टायर का किराया देने के बाद स्लीपर में सफर करवाया जा रहा है।
दरअसल इंदौर-मालवा एक्सप्रेस में बी-1 ऐसी थ्री टायर बोगी की स्थान स्लीपर कोच लगी थी। जब ट्रेन कटड़ा से इंदौर के लिए रवाना हुई, तो बी-1 कोच में जिन यात्रियों का टिकट था, उन्होंने स्लीपर कोच में बैठने से मना कर दिया। गुस्साए यात्रियों ने कटड़ा रेलवे प्रबंधक से एसी बोगी लगाने की मांग की। प्लेटफार्म पर करीब आधे घंटे तक लोगों ने इसको लेकर विरोध जताया।
मामले में कटड़ा स्टेशन मास्टर जुगल किशोर शर्मा ने कहा कि हमारे पास एसी बोगी नहीं थी। यात्रियों को स्लीपर में सफर करने पर किराया रिफंड देने की बात कही थी, लेकिन यात्रियों ने मना कर दिया। फिर यात्रियों को आश्वासन दिया कि ट्रेन के जम्मू पहुंचने पर वहां एसी बोगी जोड़ी जाएगी। ट्रेन में एसी बोगी की जगह स्लीपर होने पर यात्रियों ने सोशल मीडिया पर रेलवे के खिलाफ जमकर भड़ास निकाली। बी-1 बोगी में सफर करने वाले यात्री संचित दुबे ने लिखा कि कटड़ा से मालवा एक्सप्रेस में सफर करना है। हमने थर्ड एसी का टिकट लिया था, लेकिन स्लीपर बोगी लगा दी है।