घाटी में जनजीवन धीरे-धीरे पटरी पर लौटने लगा है। वीरवार को पत्थरबाजी की एक भी घटना सामने नहीं आई। अलगाववादियों के फरमान को दरकिनार करते हुए लाल चौक, टीआरसी चौक, बटमालू तथा आस पास के इलाकों में दुकानें खुलीं। रेहड़ी और पटरी वालों ने भी कारोबार किया। पिछले 24 घंटे में पुलिस ने 77 उपद्रवियों को गिरफ्तार किया है।
घाटी के ज्यादातर इलाकों में स्कूल खुल गए हैं। शिक्षक उपस्थित होकर अध्यापन कार्य में जुटे हुए हैं। छात्रों की उपस्थिति भी लगातार बढ़ रही है। वीरवार को कई इलाकों में सड़कों पर वाहन रोज की अपेक्षा अधिक दिखे। निजी वाहनों के साथ-साथ सार्वजनिक वाहन भी सड़क पर निकले।
सरकारी कार्यालयों तथा बैंकों में भी उपस्थिति बढ़ी है। पूरी घाटी में कहीं भी पाबंदियां नहीं रही। उधर, अलगाववादियों ने अनंतनाग, बारामुला तथा श्रीनगर में मार्च का आह्वान किया था, लेकिन इसे देखते हुए कोई पाबंदी नहीं लगाई गई थी।
सुरक्षा व्यवस्था जरूर कड़ी रही। शुक्रवार को अलगाववादियों के यूएन चलो मार्च के आह्वान को देखते हुए सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए हैं। कुछ इलाकों में पाबंदियां भी लगाई जा सकती हैं।