जम्मू-कश्मीर पुलिस के आईजीपी विजय कुमार ने आतंकियों के मारे जाने की पुष्टि की। साथ ही कहा कि मारे गए आतंकियों और उनके संगठन की शिनाख्त नहीं हो पाई है। सूत्रों के अनुसार मारे गए आतंकियों में शोपियां का बुरहान कोका, आरवनी बिजबिहाड़ा का नासिर भट और कुलगाम का उमर फिदाइन शामिल है। उनके परिवार वालों को शिनाख्त के लिए बुलाया गया है।
मुठभेड़ के दौरान जवानों पर हुए पथराव में जिस महिला के पैर में पैलेट गन की गोली लगी है, वह आतंकी कमांडर बुरहान कोका की रिश्तेदार बताई जा रही है। महिला को श्रीनगर के बोन एंड जॉइंट अस्पताल लाया गया, जहां से उसे एसएमएचएस रेफर किया गया। उधर, सूत्रों के मुताबिक मुठभेड़ में सेना के मेजर सहित पांच जवान घायल हुए हैं लेकिन पुष्टि केवल तीन की ही हुई है।
मुठभेड़ के दौरान मंगलवार देर रात एक आतंकी मारे जाने के बाद कुछ देर के लिए फायरिंग रुक गई थी लेकिन सुरक्षाबलों ने घेरा नहीं हटाया। इस बीच स्थानीय लोगों ने आतंकियों की भागने में मदद करने के लिए जवानों पर पथराव शुरू कर दिया।
सुरक्षाबलों ने पत्थरबाजों को आंसू गैस के गोलों और पैलेट गन के इस्तेमाल से तितर-बितर कर दिया। इसमें दो लोगों के घायल होने की खबर है। एक अधिकारी ने बताया कि बुधवार सुबह दो और आतंकी मारे गए।
मेलहूरा में 22 अप्रैल को भी एजीएच के 4 आतंकी मारे गए थे। मंगलवार-बुधवार की मुठभेड़ में तीन और आतंकी मारे गए हैं। इसके साथ ही बीते 13 दिन में दक्षिण कश्मीर के शोपियां, कुलगाम और पुलवामा जिलों में 16 आतंकी और दो ओजीडब्ल्यू मारे जा चुके हैं।