मोदी सरकार पर शिक्षा का भगवाकरण करने का आरोप लगाते हुए कांग्रेस की राष्ट्रीय प्रवक्ता शोभा ओझा ने कहा है कि राष्ट्र के अहम शैक्षणिक संस्थानों में योग्यता को दरकिनार कर संघ परिवार से जुड़े लोगों की नियुक्तियां की जा रही हैं। मोदी सरकार के एक साल की नाकामियों को गिनाने की कांग्रेस की मुहिम के तहत रविवार को जम्मू पहुंचीं शोभा ओझा ने पत्रकार सम्मेलन में कहा कि मोदी सरकार ने पिछले एक साल में शिक्षा प्रणाली को सियासी रंग देकर उसका भगवाकरण किया है।
उन्होंने आरोप लगाया कि मानव संसाधन मंत्रालय ने आरएसएस के इशारे पर भारतीय शिक्षा नीति आयोग का सृजन किया है। आयोग की कमान विवादित शिक्षक से कार्यकर्ता बने दीनानाथ बत्रा को सौंपने की साजिश रची गई है। उन्होंने कहा जानेमाने परमाणु वैज्ञानिक अनिल काकोडकर ने आईआईटी बांबे बोर्ड के पद से इस्तीफा देते हुए केंद्रीय मानव संसाधन मंत्री स्मृति ईरानी पर बोर्ड के कार्यों में हस्तक्षेप का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि आरएसएस की पत्रिका पांचजन्य के पूर्व संपादक बलदेव शर्मा को नेशनल बुक ट्रस्ट का चेयरमैन नियुक्त किया है।
देश के ढांचे को पहुंच रहा नुकसान
आरएसएस स्वयं सेवक विश्रम रामचंद्र को योग्यता न होने के बावजूद विश्वेश्वरैया नेशनल इंस्टीट्यूट नागपुर का वाइस चेयरमैन और आरएसएस से जुड़े प्रो. इंद्र मोहन कपाही को यूजीसी का सदस्य नियुक्त किया गया है। उन्होंने कहा कि यह कुछ उदाहरण हैं। ऐसी अनेक नियुक्तियां शिक्षा का भगवाकरण करने के लिए की गई हैं और इससे देश में शिक्षा के ढांचे को नुकसान पहुंचेगा।
उन्होंने कहा कि देश के प्रमुख कई शिक्षाविदों ने मानव संसाधन मंत्री की स्वायत्त संस्थाओं में बेवजह हस्तक्षेप के चलते इस्तीफा दे दिया है, जिनमें यूजीसी के सदस्य एमएम अंसारी, दिल्ली विश्वविद्यालय के कुलपति दिनेश सिंह, एनसीईआरटी के निदेशक प्रवीण सिनक्लेर आदि शामिल हैं।
ओझा ने कहा कि यूपीए सरकार ने शिक्षा बजट में हर साल बढ़ोतरी की, लेकिन मोदी सरकार ने शिक्षा बजट में कटौती करना शुरू कर दिया है। शिक्षा बजट को 14088.59 करोड़ का किया गया है। सर्व शिक्षा अभियान के बजट को 28 हजार करोड़ से कम कर 22 हजार करोड़ किया गया है।
जम्मू कश्मीर में भाजपा ने समझौता किया
मिड डे मील बजट में भी कटौती करते हुए इसे 13 हजार करोड़ से कम कर 9000 करोड़ कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि फर्जी डिग्री मामले में आरोपी स्मृति ईरानी को देश में केंद्रीय मानव संसाधन मंत्री और राज्यमंत्री राम शंकर कठेरिया के हाथों में शिक्षा की डोर सौंपी गई है।
कांग्रेस की राष्ट्रीय प्रवक्ता एवं महिला इकाई की प्रधान शोभा ओझा ने भाजपा पर आरोप लगाया कि जम्मू कश्मीर में अपनी विचारधारा से समझौता कर भाजपा ने आतंकवाद और अलगाववाद के प्रति नरम रवैया रखने वाली पीडीपी के साथ मिलकर सरकार बनाई है। जम्मू कश्मीर में आए दिन अलगाववाद सिर उठा रहा है।
पाक झंडे लहराए जा रहे हैं। भाजपा चुपचाप बैठी है। जम्मू के साथ भेदभाव बढ़ा है। एम्स का मामला हो या फिर कृत्रिम झील का, जम्मू के लोग ठगा महसूस कर रहे हैं। उन्होंने रक्षा मंत्री के बयान कि आतंकवाद को आतंकवाद खत्म करेगा, को सेना का मनोबल कम करने वाला बताया है।