मदद के लिए नहीं पहुंचा कोई
जिस समय अक्षय पर हमला हुआ, उस समय अक्षय के पिता बनारसी दास घर में ही थे। उन्होंने गोलियां चलने के साथ ही शोर मचाना शुरू कर दिया था, लेकिन मोहल्ले से उनकी मदद के लिए कोई नहीं पहुंचा। इसके कारण बदमाश वारदात को अंजाम देने के बाद आराम से चले गए।
पिता ने बताया - गांव के ही युवक हैं हत्यारे
वारदात के बाद सूचना मिलने पर अतिरिक्त एसपी सुरिंदर चौधरी के नेतृत्व में पुलिस मौके पर पहुंची। उन्होंने मौके का निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए। साथ ही शव को पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेजा। अस्पताल में बनारसी दास ने पुलिस को बताया कि हमलावरों में कुछ युवक उनके गांव के ही थे। उन्होंने किसी पुरानी रंजिश के कारण अक्षय की हत्या की है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
अक्षय पर हमला करने वाले वही लोग हैं, जिन्होंने कोई 10 से 12 दिन पहले रामगढ़ के सुझातपुर में एक युवक पर हमला कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया था। वह युवक भी अस्पताल में भर्ती है। पुलिस ने आरोपियों को पकड़ने के छापामारी शुरू कर दी है। जल्द सभी दोषियों को पकड़ लिया जाएगा। - सुरिंदर चौधरी, अतिरिक्त एसपी, सांबा