सांबा। राजपुरा तहसील के सुजाना गांव के मास्टर केवल कृष्ण मचैल गए थे। वह गुलाबगढ़ में ही रुक गए। हादसा टल गया। मास्टर केवल कृष्ण ने बताया कि उनके साथ जम्मू व कुछ कठुआ जिले के श्रद्धालु थे। जब बह गुलाबगढ़ पहुंचे तो उनके गांव के लेक्चरर वैष्णो शर्मा ने उन्हें अपने पास रुकने को कहा और वहीं रुक गए। उन्होंने बताया कि 10 बजे पहुंचे थे और 11 बजे के बाद बादल फटने की घटना घट गई। बार बार बही घटना आंखों के सामने आ रही थी। उसके बाद तो सारा क्षेत्र ही मातम में बदल गया। आखों के सामने से घायलों को ले जाते हुए देखा। आज अपने घर लौट रहे हैं। संवाद