प्रशासन ने दिए कार्रवाई के आदेश
सांबा। जिला प्रशासन सांबा ने नदी-नालों और पुलों के आसपास के क्षेत्रों में रेत, बजरी और आरबीएम की खोदाई, परिवहन एवं भंडारण गतिविधियों पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है। यह आदेश जिला मजिस्ट्रेट आयुषी सूदन ने शुक्रवार को जारी किया है।
आदेश में कहा गया है कि नदी किनारे और उसके आसपास अवैध खनन की लगातार शिकायतें मिल रही थीं जिससे पर्यावरणीय नुकसान और नदी नालों को खतरा हो रहा है। लोगों की शिकायत के बाद प्रशासन ने यह निर्णय लिया है। आदेश के अनुसार देवक नदी पर नेशनल हाईवे से नंगा गांव तक दोनों तटों पर 100 फीट की सीमा के भीतर खोदाई पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगी। इसी तरह पुरमंडल से उत्तरबहनी तक देवक नदी और एम्स विजयपुर साइट से 1 किलोमीटर के निचले दायरे तक भी खनन पर रोक है।बसंतर नदी के वाहन पुल और रेलवे पुलों के 1 किलोमीटर के दायरे में तथा दुरूई, मुल्थ, शाह बलोड, पेंठी , धौरा और नड क्षेत्रों में बसंतर की सहायक धाराओं से खनन वर्जित रहेगा। तलूर चेक डैम के अपस्ट्रीम क्षेत्रों में भी खुदाई की अनुमति नहीं होगी। इसके अलावा, बलोल नाले में करथोली से बीरपुर तक रेत और बजरी निकालने पर भी रोक लगाई गई है। जिले के सभी नालों में पुलिया से 150 मीटर अपस्ट्रीम और 100 मीटर डाउनस्ट्रीम तक कोई उत्खनन नहीं किया जा सकेगा। आदेश का उल्लंघन करने वालों पर जुर्माना और खनन सामग्री व वाहन जब्त किए जाएंगे। जिला प्रशासन, खनन विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम अवैध गतिविधियों पर नजर रखेगी और साप्ताहिक रिपोर्ट भी ली जाएगी। प्रतिबंध आगामी 60 दिनों तक प्रभावी रहेगा।जिला प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि कोई भी अवैध खनन या संदिग्ध गतिविधि देखें तो तुरंत प्रशासन को सूचित करें, ताकि पर्यावरण की रक्षा की जा सके और अवैध कारोबारियों पर सख्त कार्रवाई हो सके। संवाद