कड़ाके की सर्दी से जूझ रहे जम्मू-कश्मीर में सोमवार को हुई बारिश और बर्फबारी ने लोगों की दुश्वारियां और बढ़ा दीं। बारिश और बर्फबारी का सिलसिला देर शाम तक जारी रहा। जवाहर टनल पर बर्फबारी और रामबन के आसपास हुए भूस्खलन और पत्थर गिरने के जम्मू-श्रीनगर हाईवे बंद हो गया। हाईवे पर तीन हजार से अधिक वाहन फंस गए हैं।
कई स्थानों पर भूस्खलन के चलते प्रदेश में सौ से अधिक संपर्क मार्ग बंद हो गए हैं। बारामुला, गांदबरबल में हिमस्खलन में कई मकान दब गए हैं। जबकि भूस्खलन की चपेट आकर रामबन में एक युवक की मौत हो गई है। रियासी के खरोड़ी करूर इलाके में भूस्खलन की चपेट में आने से एक वैन नदीं में गिर गई। इसमें चालक की मौत हो गई, जबकि तीन को अस्पतला में भर्ती कराया गया।
मौसम का मिजाज बिगड़ने के कारण कटड़ा-सांझीछत चॉपर सेवा और भवन-भैरो घाटी केबल कार सेवा ठप रही। हालांकि बैटरी कार सेवा जारी रहने से यात्रियों को राहत मिली। वहीं कश्मीर में दूसरे दिन भी बर्फबारी से श्रीनगर अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट से सोमवार को सभी उड़ानें रद्द कर दी गईं। जोजीला पास पर बर्फबारी के कारण श्रीनगर-लेह हाईवे पहले से ही बंद है। राजोरी और पुंछ को शोपियां से जोड़ने वाले मुगल रोड पर भी यातायात बहाल नहीं हुआ है।
जम्मू में जहां रविवार से छाए बादल सोमवार सुबह से ही बरसने लगे, वहीं श्रीनगर और आसपास के इलाकों मों दोपहर बाद बर्फबारी फिर शुरू हो गई। जम्मू में सोमवार को 40.3 मिलीमीटर और श्रीनगर में 73.2 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई। इस दौरान जम्मू में दिन का तापमान सामान्य से 4.9 डिग्री गिरकर 13.0 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। श्रीनगर में दिन का तापमान सामान्य से 3.5 डिग्री गिरकर 2.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
पटनीटॉप और नत्थाटॉप सहित कठुआ, राजोरी, पुंछ, डोडा और भद्रवाह के पर्वतीय इलाकों में बर्फ की चादर बिछ गई है। उधर, कश्मीर के बारामूला, जोजीला, कुपवाड़ा, गुलमर्ग, टंगधार, शोपियां, अनंतनाग आदि पर्वतीय इलाकों में बर्फबारी हुई।