मंडल स्तर पर नई प्रशासनिक इकाई गठित होने से पहाड़ी क्षेत्र के जिलों में जनता को जम्मू और श्रीनगर नहीं जाना पड़ेगा। चिनाब दरिया किनारे बसे डोडा, किश्तवाड़ और रामबन जिले के लोग लंबे समय से अलग संभाग की मांग करते रहे हैं। उपराज्यपाल प्रशासन के एक उच्च पदस्थ अधिकारी ने बताया कि प्रदेश में तीसरा संभाग बनाने की प्रारंभिक कसरत पूरी हो चुकी है। इसमें जल्दबाजी नहीं होगी।
लद्दाख को सत्यपाल मलिक ने बनाया था संभाग
पूर्ववर्ती जम्मू-कश्मीर राज्य के राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने लद्दाख को इसी साल फरवरी में तीसरा संभाग बनाया था। कहा गया था कि लेह और कारगिल जिले के लोगों को नजदीक काम कराने की सुविधा मिलने से उनके समय और पैसे की बचत होगी।
महबूबा मुफ्ती भी कर चुकी हैं मांग
पूर्व राज्यपाल द्वारा लद्दाख को संभाग का दर्ज देने के बाद पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने भी पीर पंजाल को नया संभाग बनाने की मांग उठाई थी। उन्होंने इसके लिए आंदोलन की भी चेतावनी दी थी। नेशनल कांफ्रेंस ने भी समय-समय पर इसकी वकालत की है।