कहा - लोकतंत्र में हर किसी को विचार रखने का अधिकार
अमर उजाला ब्यूरो
श्रीनगर। नेशनल कॉन्फ्रेंस (नेकां) के उपाध्यक्ष उमर अब्दुल्ला ने वीरवार को कहा कि भाजपा को संसद में अपना रवैया बदलना चाहिए। श्रीनगर में नेकां की कार्य समिति की दो दिवसीय बैठक के समापन के बाद प्रेसवार्ता में उमर ने कहा कि लोकतंत्र में हर किसी को अपने विचार रखने का अधिकार है। जहां तक संसद का सवाल है, नेकां के श्रीनगर से सांसद आगा सैयद रुहुल्ला मेहदी खुद अध्यक्ष की इच्छा का शिकार हुए। स्पीकर के चुनाव के बाद उनके भाषण का एक हिस्सा हटा दिया गया, क्योंकि स्पीकर उनसे खुश नहीं थे। यह ठीक नहीं है। उमर ने कहा कि अगर किसी सदस्य के भाषण में कोई अपशब्द या अनुचित शब्द नहीं हैं, तो इन बातों को रिकॉर्ड से नहीं हटाया जाना चाहिए था।
नेकां उपाध्यक्ष ने कहा कि इस बात पर संदेह करने का कोई कारण नहीं है कि जम्मू-कश्मीर में विधानसभा चुनाव समय पर नहीं होंगे। उन्होंने कहा, हमें हमेशा यह आशा क्यों रखनी चाहिए कि प्रधानमंत्री जम्मू-कश्मीर के बारे में बात करेंगे? कुछ दिन पहले पीएम ने यहां आकर योग किया था और लोगों को भरोसा दिलाया था कि जल्द ही चुनाव होंगे और लोग अपनी सरकार चुनेंगे।