श्रीनगर। पुलवामा जिले के त्राल के कांगलूरा इलाके में शुक्रवार देर शाम धान के खेत से 75 वर्षीय सिख व्यक्ति करण सिंह निवासी कांगलूरा त्राल के शव बरामद होने के मामले में पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। पुलिस के मुताबिक प्रारंभिक जांच में शव पर कोई बाहरी चोट नहीं पाई गई और विस्तृत एफएसएल निरीक्षण व जांच और अपराध स्थल की फोटोग्राफी की गई है।मृतक का अंतिम संस्कार उनके पैतृक गांव में शनिवार शाम को कर दिया गया।
इस संबंधी वायरल हुए वीडियो में लोगों का आरोप है कि इस बुजुर्ग की हत्या की गई है। इसे मारकर घास के नीचे दबा दिया गया है। यह एक सप्ताह में दूसरी ऐसी घटना है जिसमें अल्पसंख्यक समुदाय के किसी सदस्य की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हुई है। इससे पहले आरएंडबी विभाग बारामुला के एईई गुरमीत सिंह की भी लापता होने के बाद संदिग्ध परिस्थितियों में जेहलम नदी से शव बरामद हुआ था। गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (जीपीसी) के एक सदस्य ने कहा कि ऐसे तो अभी हम यह मानकर चल रहे हैं कि यह एक प्राकृतिक मौत है लेकिन जब तक पोस्टमार्टम रिपोर्ट नहीं आती तब तक हम कुछ नहीं कह सकते। उन्होंने कहा कि पुलिस ने अपनी जांच शुरू कर दी है और अभी तक हम इस मामले में पुलिस की कार्रवाई पर संतुष्ट हैं। हमें पूरा भरोसा है पुलिस पर और उम्मीद है कि जो भी बनती कार्रवाई होगी वो शीघ्र की जाएगी।
सूत्रों के मुताबिक कुछ दिन पहले कुपवाड़ा जिले के एक गांव में कश्मीरी पंडितों को पहले पुलिस सुरक्षा में रखने के बाद जम्मू भेजा गया जबकि सिखों के गांव में उनको सतर्क रहने को कहा गया। अब लोगों को शक है कि कहीं कोई अल्पसंख्यकों को निशाना बनाने का इनपुट तो नहीं था। हालांकि एक पुलिस अधिकारी ने कहा कि ग्रामीण इलाकों में अक्सर अल्पसंख्यकों से सतर्क रहने को कहा जाता है और रात के समय ज्यादा घूमने से परहेज करने को कहा जाता है ताकि वो आतंकवादियों का सॉफ्ट टारगेट न बनें।