जम्मू-कश्मीर विधानसभा चुनाव के लिए भाजपा के विजन डाक्युमेट के बाद रियासत की मुख्य विपक्षी पार्टी पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी ने आज अपना चुनावी घोषणापत्र जारी किया। पीडीपी के अनुसार भष्ट्राचार से लड़ने के लिए और राज्य की अर्थव्यवस्था के पुनर्निर्माण के लिए प्रभावी शासन को लागू करने का वादा किया गया है।
इसके अलावा कश्मीर में समस्याओं के समाधान के लिए पीडीपी ने ‘स्वशासन’ लागू करने का वादा किया है। पीडीपी प्रमुख मुफ्ती मोहम्मद सईद ने घोषणापत्र जारी करते हुए कहा, ‘संविधान के अनुच्छेद 370 के तहत विशेष दर्जा प्राप्त जम्मू-कश्मीर के लोगों को सशक्त करने के लिए घाटी के लोगों की पहचान बनाना जरूरी है। इसके साथ ही सीमाओं और प्रशासन जैसे मुद्दों से निपटने के लिए आवश्यक है कदम उठाए जाएंगे’
इस घोषणापत्र का टाइट ‘एक महत्वाकांक्षी एजेंडा’ रखा गया है। इसमें दावा किया गया है कि अनुच्छेद 370 राजनीतिक बहस से लेकर व्यक्तिगत प्रतिक्रियाओं, अर्थव्यवस्था से लेकर मनोभावों, समाज से लेकर संवेदनशीलता तक और संस्थानों से लेकर विचारधाराओं तक सभी बातों को प्रभावित करता है।
पीडीपी का कहना है कि स्वशासन विभिन्न मुद्दों के समाधान के लिए एक मार्गदर्शक ढांचा होगा। इनमें नियंत्रण रेखा के आरपार के घनिष्ठ संबध, सीमाओं को अप्रासंगिक बनाने और राज्य के विभिन्न भागों को एक दूसरे से जोड़ने जैसे मुद्दे शामिल है। इसमें क्षेत्रीय मुफ्त व्यापार क्षेत्र और आर्थिक बाजार की स्थापना कर जम्मू कश्मीर के आसपास के क्षेत्र के आर्थिक और सामाजिक एकीकरण की परिकल्पना की गई है।