केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह के सार्क सम्मेलन के दौरान पाकिस्तान के व्यवहार के चलते बिना भोज के देश लौटने पर रियासत के सियासी दलों ने एक स्वर में पाकिस्तान की हरकत की निंदा की है।
भाजपा विधायक रविंद्र रैणा ने कहा हैं कि गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने पाकिस्तान के मुंह पर तमाचा मारा है।
उनका कहना हैं कि महाभारत के युद्ध से पहले जिस तरह श्रीकृष्ण ने दुर्योधन के घर जाकर भी वहां भोज नहीं किया था और विदुर के घर पर सात्विक खाना खाया था। उसी तरह राजनाथ सिंह ने आतंकी प्रवृति वाले पाकिस्तान में उनके गृह मंत्री की ओर दिए भोज को नहीं किया।
कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता रविंद्र शर्मा का कहना हैं कि पाकिस्तान की हरकत ठीक नहीं है और इसकी जितनी भी निंदा की जाएं कम है। सार्क सम्मेलन से पूर्व ही पाकिस्तान में आतंकी संगठनों के प्रमुख हाफिज सईद और सईद सलाउद्दीन के जिस तरह से बयान आएं और पाकिस्तान का रवैया रहा वह ठीक नहीं है।
उनका कहना हैं कि मोदी सरकार को स्थिति समझने में देर लगी। पहले एकाएक मोदी पाकिस्तान चले गए और पाक ने पठानकोट हमला करवा दिया। उससे भी केंद्र सरकार नहीं चेती। केंद्र सरकार को पता होना चाहिए था कि पाक में ऐसा व्यवहार हो सकता है। पाक के गृह मंत्री द्वारा भोज देकर खुद वहां नहीं पहुंचना भारत का अपमान है।
नेशनल पैंथर्स पार्टी के प्रदेशाध्यक्ष बलवंत सिंह मनकोटिया का कहना हैं कि पाकिस्तान का रवैया तो निंदनीय है ही। मोदी सरकार भी पाक को लेकर अपनी नीति स्पष्ट नहीं कर पाई है।