राजभवन की ओर से बुधवार शाम को जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार बोर्ड की बैठक में बताया गया कि कश्मीर घाटी में 77 रेड जोन ऐसे हैं, जो यात्रा मार्ग में पड़ते हैं। कोरोना महामारी के चलते लंगर व चिकित्सा शिविरों की स्थापना और इन शिविरों के लिए आवश्यक सुविधाएं और सामग्री जुटाना संभव नहीं है।
चूंकि पूरे देश में तीन मई तक लॉकडाउन घोषित है, ऐसे में इन रास्तों से बर्फ हटाना और उसे श्रद्धालुओं की यात्रा के लिए सुचारु बनाना भी संभव नहीं है। बताया गया कि देश में जिस प्रकार की परिस्थितियां है, उसमें यात्रियों की सुरक्षा करना प्रमुख जिम्मेदारी है। इसलिए सर्वसम्मति से निर्णय लिया जाता है कि इस वर्ष यात्रा का आयोजन करना उचित फैसला नहीं होगा।
23 जून से प्रस्तावित है यात्रा
अमरनाथ यात्रा को आगामी 23 जून से शुरू किया जाना है लेकिन लॉकडाउन के चलते अभी तक दो बार यात्री पंजीकरण को स्थगित किया जा चुका है। इस साल एक अप्रैल से यात्री पंजीकरण शुरू होना था, जिसे 4 मई तक स्थगित किया गया है। इस साल 42 दिन की यात्रा प्रस्तावित है।