एनआईए ने दक्षिणी कश्मीर के पुलवामा में सीआरपीएफ कैंप पर हमले के मुख्य साजिशकर्त्ता जैश-ए-मोहम्मद के एक आतंकी को सोमवार को गिरफ्तार किया। अब जांच एजेंसी उसे जम्मू स्थित एनआईए कोर्ट में पेश कर रिमांड पर लेगी। यह हमला वर्ष 2017 में किया गया था। 30 और 31 दिसंबर की रात को सीआरपीएफ कैंप पर आतंकी हमला हुआ था। इसमें सीआरपीएफ के पांच जवान शहीद हुए थे जबकि दो अन्य घायल हुए थे। सुरक्षाबलों ने सभी आतंकवादियों को मार गिराया था।
एनआईए प्रवक्ता के अनुसार पुलवामा के अवंतीपोरा में लेथपोरा गांव के फैय्याज अहमद मागरे को सीआरपीएफ कैंप पर हुए हमले के मामले में गिरफ्तार किया गया है। उन्होंने बताया कि फैय्याज जैश-ए-मोहम्मद का ओवर ग्राउंड वर्कर है। वह हमले का मुख्य साजिशकर्ता रहा है।
हमले के दौरान उसने आतंकियों को रहने के लिए जगह दिलाने के साथ ही हमले से पहले सीआरपीएफ कैंप की रेकी भी की थी। 2001 में भी पीएसए के तहत 16 महीने तक गिरफ्तार रहा था। मुठभेड़ में ढेर हुए तीन आतंकियों की पहचान त्राल के नाजीपोरा निवासी फ रदीन अहमद खांडे, द्रबगाम के मंजूर बाबा, पाकिस्तान के अब्दुल शकूर (रावलाकोट-पीओके) के तौर पर हुई थी।
लेथपोरा स्थित सीआरपीएफ के 185 बटालियन ट्रेनिंग सेंटर में 31 दिसंबर 2017 की रात लगभग दोे बजे घुसे जैश के आतंकियों ने जबरदस्त फ ायरिंग की थी। आतंकवादियों से निपटने के लिए राष्ट्रीय राइफ ल्स, सीआरपीएफ और राज्य पुलिस ने संयुक्त रूप से अभियान चलाया था।