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आतंकियों के पास मिले हथियार लेबल 3 की सुरक्षा भेद सकने में थे सक्षम, उपराज्यपाल सहित यह थे निशाने पर

Sun, 02 Feb 2020 05:56 PM IST
Pranjal Dixit न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
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नगरोटा मुठभेड़ - फोटो : अमर उजाला
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नगरोटा में बन टोल प्लाजा पर शुक्रवार को मुठभेड़ में मारे गए आतंकी यदि यहां से सुरक्षित निकल जाते तो भारी तबाही मचा सकते थे। आतंकियों के पास से बरामद गोला-बारूद और असलहा अति विशिष्ट लोगों को मिले बुलेटप्रूफ वाहनों को भी भेदने की क्षमता रखता था। आतंकियों के पास गोला-बारूद लेबल 3 की सुरक्षा को भेदने वाला था। इस श्रेणी की सुरक्षा उपराज्यपाल, उनके सलाहकार और सुरक्षा एजेंसियों के बड़े अधिकारियों के पास है।
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सूत्रों का कहना है कि आतंकियों के पास स्टील की गोलियां, पिस्टल, अमेरिका की एम 4 गन सहित 52 आइटम थे। ऐसे में यह साफ है कि यह आतंकी जम्मू-कश्मीर में वीवीआईपी लोगों को निशाना बनाने के मकसद से घुसे थे। इससे पहले वर्ष 2018 में अवंतीपोरा में सीआरपीएफ कैंप पर हुए हमले में इस तरह का सामान बरामद हुआ था। इस बरामदगी से तमाम एजेंसियां सकते में हैं।

सीआरपीएफ और पुलिस के 100 से अधिक जवानों ने चलाया तलाशी अभियान
बन टोल प्लाजा पर आतंकी हमले के बाद शनिवार को एनआईए की टीम भी मौके पर पहुंची और जरूरी सबूत जुटाए। कई लोगों से टीम ने पूछताछ की है। वहीं कश्मीर जाने वाले ट्रक में आतंकियों के छुपे होने की घटना के बाद कश्मीर आने-जाने वाले वाहन भी सुरक्षा एजेंसियों के राडार पर हैं। शनिवार को टोल प्लाजा पर वाहनों की चेकिंग के लिए गहन तलाशी अभियान चलाया गया। हर आने जाने वाले वाहन चालकों के पहचान पत्र और दस्तावेज जांचे गए। 100 से अधिक पुलिस कर्मियों और सीआरपीएफ कर्मियों को इस कार्य के लिए लगाया गया था।
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नगरोटा सैन्य क्षेत्र की सुरक्षा भी कड़ी
हमले के बाद नगरोटा में सैन्य क्षेत्र की सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। नगरोटा से जम्मू और श्रीनगर जाने वाले पुराने रास्ते में कई जगहों पर स्थिति सैन्य शिविरों के बाहर सेना की तरफ नाके लगाकर वाहनों की जांच की गई। नेशनल हाइवे पर सुरक्षा को मजबूत किया गया है।

कश्मीर आने-जाने वाले ट्रकों की स्कैनिंग की भी योजना
आतंकियों द्वारा बार-बार कश्मीर जाने वाले ट्रकों का इस्तेमाल किया जा रहा है। शनिवार को सरकार ने जम्मू कश्मीर के लिए 30 हजार करोड़ का बजट घोषित किया लेकिन आतंक का जरिया बने ट्रकों की स्कैनिंग के लिए कोई घोषणा नहीं हुई। जम्मू कश्मीर पुलिस ने ट्रकों की स्कैनिंग की योजना तो बना रखी है, लेकिन अभी इस पर कोई अमल नहीं हुआ। हालांकि शनिवार को सीआरपीएफ के डीजीपी ने जरूर कहा है कि इस पर संयुक्त रूप से काम किया जा रहा है।

हाईवे पर होर्डिंग के नीचे लगा रखी थी आईईडी
बन टोल प्लाजा पर मारे गए आतंकियों ने नगरोटा के पास हाइवे पर बहुत ही शक्तिशाली आईईडी लगा रखी थी। इस आईईडी में आरडीएक्स भी लगा रखा था। साथ ही ग्रेनेड रखे हुए थे। कश्मीर में सक्रिय जैश ए मोहम्मद के अन्य दल के आतंकियों ने नगरोटा आकर इस आईईडी को एक्टीवेट करना था। इस आईईडी से पुलवामा जैसा हमला करने की साजिश रची गई थी। इस आईईडी को सुरक्षाबलों ने बरामद कर बाद में निष्क्रिय कर दिया।
 
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