जम्मू। नगर निगम अप्रैल से घरों में रखे किरायेदारों का सफाई शुल्क वसूलेगा। मौजूदा समय जिस व्यक्ति के मकान पर किरायेदार रह रहे हैं, उसी से शुल्क वसूला जा रहा है।
निगम के अनुसार घरों से शुल्क कम आ रहा है, जबकि किराया ज्यादा आ रहा है। पहले स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत सर्वे करवाया गया था।
इसमें 60 फीसदी घरों में वाणिज्यिक गतिविधियां पाई गई थीं। इसके बाद बीते साल शुल्क वसूल करने के लिए कवायद शुरू हुई थी, मगर नहीं हो पाई। अब इस साल अप्रैल से शुल्क वसूलने की तैयारी चल रही है।
मौजूदा समय में नगर निगम को 1.20 लाख घरों से कचरा एकत्रित हो रहा है। प्रति घर से 100 रुपये शुल्क वसूल किया जा रहा है। खास बात यह होगी कि किरायेदार पर अलग से शुल्क देना होगा। हर रोज नगर निगम ऑटो से 400 एमटी कचरा ठिकाने लगाता है। ऑटो से कलेक्शन सेंटरों में कचरा जाता है। इसके बाद डंपिंग साइट कोट भलवाल में फेंका जाता है।
20 फीसदी घरों का आवासीय-वाणिज्यिक गतिविधियों में हो रहा प्रयोग: कुछ घरों में रहने के साथ ट्यूशन सेंटर, निजी कार्यालय भी चल रहे हैं। हालांकि रिकाॅर्ड में घरों में आवासीय गतिविधियां ही दर्ज हैं। ऐसी जगहों की भी पहचान की गई है। 20 फीसदी भवनों का प्रयोग वाणिज्यिक और आवासीय दोनों रूप से हो रहा है।
ऑटो के एक ही जगह में लग रहे तीन से चार चक्कर: कचरा ज्यादा होने के कारण ऑटो को तीन से चार बार वार्डों में चक्कर काटने पड़ रहे हैं। हालांकि नियम से ऑटो को दिन में एक ही बार आना होता है। इससे नगर निगम को राजस्व नुकसान हो रहा है। कचरा बढ़ जा रहा है।