शिकायतों में कहा गया है कि अधिकारियों ने विभिन्न कार्यों के ठेके जारी करने से पहले दस्तावेजों की जांच और नाम पतों की ठीक से पड़ताल नहीं की। ऐसे में उनकी मिलीभगत प्रतीत होती है।
नगर निगम एक्ट 2000 के नियमों के अनुसार पार्षद खुद या फिर रिश्तेदार के नाम पर ठेका नहीं ले सकते हैं। नियमों की अवहेलना पर सख्त कार्रवाई का प्रावधान है, जिसे सुनिश्चित किया जाएगा।
- पंकज मंगोत्रा, आयुक्त नगर निगम
पार्षद के सगे संबंधी के नाम ठेके जारी नहीं हो सकते। निगम के दायरे में यदि ऐसा हुआ है तो म्युनिसिपल एक्ट में कार्रवाई के प्रावधानों के तहत ही कार्रवाई होगी
- पूर्णिमा शर्मा, डिप्टी मेयर नगर निगम जम्मू