-यातायात बहाल होने से राजोरी-पुंछ के लोगों को विशेष राहत
-लोकसभा चुनाव के कारण दिए गए थे जल्द खोलने के निर्देश
संवाद न्यूज एजेंसीपुंछ। जिला विकास उपायुक्त यासीन मोहम्मद चौधरी ने मुगल रोड आठ अप्रैल को खोले जाने का आदेश जारी करते हुए रविवार को कहा, पुलिस और यातायात पुलिस के अधिकारी अपने अधीनस्थों को मुगलरोड पर तैनात कर वाहनों की निर्विरोध आवाजाही सुनिचित करें।
चार माह से बंद मुगलरोड को यातायात के लिए खोले जाने के आदेश से दोनों जिलों के लोगों ने राहत की सांस ली है। गौरतलब है कि भारी बर्फबारी के चलते ऐतिहासिक मुगलरोड को यातायात के लिए बंद कर दिया गया था। अनंतनाग-राजोरी संसदीय सीट पर चुनाव के कारण इसबार चुनाव आयोग ने इस बार मुगलरोड को यातायात के लिए शीघ्र खोलने के निर्देश दिए थे। इसके बाद 13 मार्च को पीडब्ल्यूडी की मैकेनिकल इंजीनियरिंग विंग की तरफ से मुगलरोड से बर्फ हटाने का अभियान शुरू किया गया था। इस बीच मार्च के अंतिम सप्ताह में एक बार फिर भारी बर्फबारी के चलते मुगलरोड पर बर्फ हटाने का अभियान प्रभावित हो गया था। मौसम साफ होने के बाद 2 अप्रैल को मुगलरोड से बर्फ हटाने का अभियान पूरा कर लिया गया था। प्रशासन ने 6 अप्रैल को मुगलरोड पर यातायात बहाल करने की तैयारी कर ली गई थी। इसबीच 3 अप्रैल को पुंछ जिले की तरफ से पोशाना क्षेत्र में मुगलरोड पर भारी भूस्खलन हो गया और रास्ता पुन: अवरुद्ध हो गया। इस बीच मुगलरोड अथार्टी ने रविवार सुबह जूनियर इंजीनियर ताहिर अब्दुल्ला की अगुवाई में मुगलरोड से भूस्खलन का मलबा हटाने का अभियान शुरू किया, जिसे देर शाम छह बजे पूरा करने के साथ ही चीफ इंजीनियर पीडब्लयूडी को मुगलरोड को सभी प्रकार के वाहनों के चलने योग्या बनाए जाने की जानकारी दी गई। इसके बाद चार महीने से बंद मुगल रोड पर यातायात बहाल करने का आदेश जारी कर दिया गया।
मुगल रोड से कश्मीर जाने में लगते हैं चार घंटे
गौरतलब हैकि मुगलरोड के बंद होने से जहां पुंछ एंव राजोरी जिलों के मरीजों व नौकरी पेशा लोगों को कश्मीर जाने में परेशानियों का सामना करना पड़ता है। क्योंकि उन्हें जम्मू के रास्ते कश्मीर पहुंचने में दो दिन का समय लगता है और पैसे भी अधिक खर्च करने पड़ते हैं। जबकि मुगलरोड के रास्ते लोग चार घंटे में कश्मीर पहुंच जाते हैं।