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महबूबा ने दी अलगाववादियों को चुनौती, कहा- हिम्मत है तो अपने घरों में सो के दिखाएं

Wed, 07 Sep 2016 12:33 PM IST
ब्यूरो, अमर उजाला/जम्मू
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महबूबा मुफ्ती - फोटो : Amar Ujala
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महबूबा ने अलगाववादियों पर निशाना साधते हुए कहा कि अगर अलगाववादियों में हिम्मत है तो अपनों घरों में सो के दिखाएं। न कि यहां-वहां बच्चों को बरगलाते और भड़काते हुए घूमें।
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उन्होंने ने कहा कि अलगाववादियों के अपने बच्चे विदेशों में सुरक्षित हैं। गरीबों के बच्चों को वो गोलियां खाने के लिए उकसाते हैं।

सीएम महबूबा ने कहा कि अगर एक भी अलगाववादी का बच्चा हिंसा में घायल हुआ हो तो वे राजनीति से संन्यास ले लेंगी। वे उजाला योजना के लांचिंग के मौके पर लोगों को संबोधित कर रहीं थी।

दरअसल आजकल हिंसा के चलते अलगाववादी गिरफ्तारी के डर से अपने घरों में नहीं रह रहे हैं। इसी के चलते महबूबा ने उनपर निशाना साधा।

सांसदों पर दरवाजे बंद करना कश्मीरियत का अपमान

प्रेस वार्ता के दौरान महबूबा मुफ्ती और राजनाथ सिंह - फोटो : PTI
मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने कहा है कि सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल से बातचीत न कर अलगाववादियों ने एक बड़ा मौका खो दिया है।

उन्होंने कहा कि प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों पर दरवाजे बंद कर देना कश्मीरियत का अपमान है। कहा कि हमने बातचीत के माध्यम से समस्या के समाधान के कई मौके अतीत में भी खोए हैं। आज हम फिर से मौका खो देते हैं तो आने वाली पीढ़ी कभी माफ नहीं करेगी।

उन्होंने कहा कि सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल के माध्यम से अलगाववादी नेतृत्व सहित समाज के सभी वर्गों तक पहुंचकर बातचीत के माध्यम से समाधान की प्रक्रिया निर्धारित करने के लिए गंभीर प्रयास किया गया था। 
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युवाओं का इस्तेमाल बर्दाश्त नहीं

महबूबा मुफ्ती - फोटो : फाइल
मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने कहा है कि वे इन दिनों कठिन परिस्थितियों से जूझ रहीं हैं। उन्हें समय दिया जाना चाहिए। वे अगले चुनाव के लिए काम नहीं कर रहीं हैं, बल्कि मुफ्ती मोहम्मद सईद के सपनों को पूरा करना चाहती हैं। वे नहीं जानती कि अगला चुनाव लड़ भी पाएंगी या नहीं। मुख्यमंत्री मंगलवार को कश्मीर में उजाला योजना के शुभारंभ के मौके पर बोल रहीं थीं।

उन्होंने कहा कि एनकाउंटर पहले भी होते रहे हैं। हमारे समय में क्या गलत हो गया। एक एनकाउंटर हुआ और कश्मीर दो महीने से बंद है। वे जब से सत्ता में आई हैं तभी से सुन रहीं हैं कि कुछ हो सकता है।

कश्मीरी पंडित तथा सैनिक कालोनी का मुद्दा उठाया गया। यह कहा गया कि कुछ गलत होने जा रहा है और इन सब बातों की याद तब आई जब पर्यटन सीजन पीक पर था। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि युवाओं का भविष्य बर्बाद किया जा रहा है। उन्हें इस्तेमाल किया जा रहा है। चेताया कि युवाओं को इस्तेमाल करना बंद किया जाए। इसे अब और बर्दाश्त नहीं किया जा सकता है।
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