माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड के चेयरमैन राज्यपाल एनएन वोहरा ने यात्रा रूट के इको सिस्टम को संरक्षित रखते हुए मास्टर प्लान तैयार करने पर जोर दिया है।
दिल्ली स्थित इंडिया इंटरनेशनल सेंटर में आयोजित बोर्ड की 58वीं बैठक में राज्यपाल ने कहा कि अगले चालीस से पचास साल को ध्यान में रखकर मास्टर प्लान बनाना होगा।
बाणगंगा से भवन तक सुविधाएं बढ़ाने के लिए समुचित विकास करवाने की जरूरत है। लेकिन विकास के साथ किसी भी तरह के प्रदूषण को नियंत्रित कर पर्यावरण संरक्षण भी सुनिश्चित करना होगा। पूरे यात्रा रूट पर कचरा उठाने और उसके निस्तारण में आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल करना होगा।
श्रद्धालुओं की जरूरतों के अनुरूप स्नानघर और शौचालयों का पर्याप्त संख्या में निर्माण समय की मांग है। बोर्ड बैठक के दौरान स्कूल आफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर के विशेषज्ञों के साथ विस्तार से चर्चा की गई। इसमें मुख्य रूप से श्राइन बोर्ड के अधीन क्षेत्र के लिए मास्टर प्लान तैयार करने पर जोर दिया गया।