एमए स्टेडियम में पहली बार सीजन से पहले अप्रैल माह में ही स्वीमिंग पूल खोलने की तैयारी की जा रही है। इस बार गर्मियों में युवा तैराकों को कूल- कूल होने का भरपूर मौका मिल सकेगा। पांच साल बाद सीजनल पूल को खोला जा रहा है। युवा सेवा एवं खेल विभाग के डीजी स्पोर्ट्स नवीन अग्रवाल ने पूल का निरीक्षण कर शीघ्र शुरू करवाने के निर्देश दिए हैं। उनके अनुसार अप्रैल के अंत में स्वीमिंग पूल को खोलने की योजना है।
उल्लेखनीय है कि वर्ष 2014 में अगस्त से सिर्फ दो माह ही सीजनल पूल को ट्रायल पर चार साल बाद खोला गया था, लेकिन सीजन के अंत में काफी कम तैराक ही पहुंचे थे। इस बार सीजनल पूल को सीजन से पहले ही खोलने की तैयारी की जा रही है। सीजनल पूल होने के कारण इसे अमूमन मई में खोलकर सितंबर या मौसम के मुताबिक आगे बंद किया जाता है। पिछले पांच साल से स्वीमिंग पूल के अपग्रेडेशन के चलते तैराकों को पूल का लाभ नहीं मिल पाया था।
इससे जिला और राज्य स्तरीय स्वीमिंग प्रतियोगिता भी प्रभावित होती रहीं। इस बार स्वीमिंग पूल के लिए अप्रैल से पंजीकरण प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। पूल में सुबह और शाम के सत्र में कक्षाएं लगाकर आयु वर्ग के मुताबिक तैराकों को स्वीमिंग का मौका दिया जाता है। नवनिर्मित नए पूल की गहराई पांच फीट से लेकर आठ फीट तक है, जिसमें जूनियर तैराकों को अभ्यास कराया जाएगा।
इस बार सीजन के साथ पूल खुलने पर प्रतिभाशाली तैराकों को राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में प्रतिभा दिखाने का मौका दिया जाएगा। पूल के चारों ओर वाल बाउंडरी लगाई गई है। युवा तैराक राहुल ने कहा कि गर्मियों में पूल में स्वीमिंग करना सुखद रहेगा। इससे संभाग में स्वीमिंग को बढ़ावा मिलेगा।
यह है प्रशिक्षण का समय
पूल के शेड्यूल के मुताबिक सुबह के सत्र में 7 से 8, शाम 4 से 5 और 6 से 7 बजे के बीच लड़कों के प्रशिक्षण के लिए समय रखा गया है, जबकि शाम 5 से 6 बजे के बीच लड़कियां प्रशिक्षण लेंगी।