जम्मू। उपराज्यपाल मनोज सिन्हा बुधवार को अखनूर के सांगनी गांव में स्थित सरकारी आयुर्वेदिक कालेज भवन को विद्यार्थियों और मरीजों को समर्पित करेंगे। कॉलेज के साथ सौ बिस्तर की क्षमता वाले एक सहायक अस्पताल का भी निर्माण किया गया है। यह जम्मू कश्मीर का सबसे बड़ा आयुर्वेदिक अस्पताल है। इस कॉलेज और अस्पताल के निर्माण से अब अखनूर से दर्जनों गांवों के लोगों को आयुर्वेदिक चिकित्सा के लिए जम्मू नहीं आना पड़ेगा।
आयुर्वेदिक अस्पताल अखनूर में ओपीडी शुरू करने की घोषणा की गई थी, लेकिन कोविड महामारी के चलते ऐसा नहीं हो पाया। कालेज में 50 विद्यार्थियों का पहला बैच 2017-18 के सत्र में बैठा था। लेकिन अखनूर में कॉलेज भवन का निर्माण पूरा न होने के कारण इसे शालामार जम्मू स्थित आयुर्वेदिक अस्पताल परिसर में चलाया जा रहा है। आयुर्वेदिक कॉलेज खुलने के बाद सरकार ने इसे चलाने के लिए 142 पद सृजित किए हुए हैं। लेकिन कॉलेज के लिए अभी कोई स्थायी प्रिंसिपल की नियुक्ति नहीं की गई है। वर्तमान में जीएमसी की प्रिंसिपल डॉ. शशि सूदन आयुर्वेदिक कॉलेज का कार्यभार देख रही हैं। उपराज्यपाल 15 जुलाई को 50 बेड की क्षमता वाले राजीव गांधी अस्पताल व जीएमसी में 200 बिस्तर की क्षमता वाले नए इमरजेंसी ब्लाक का भी उद्घाटन करेंगे। आयुर्वेदिक कॉलेज के उद्घाटन पर उपराज्यपाल के साथ डीडीसी चेयरमैन जम्मू भारत भूषण, सांसद जुगल किशोर, सलाहकार बीआर भटनागर, मुख्य सचिव अरुण मेहता, अतिरिक्त मुख्य सचिव अटल डुल्लू आदि मौजूद रहेंगे।