दो दिन से मौसम साफ होने के बावजूद जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग दोतरफा नहीं खुल पाया है। बटोत और रामबन के बीच लगातार हो रहे भूस्खलन और सड़क के एक हिस्से के बैठ जाने पर हाईवे एकतरफा ही खोला गया है। वीरवार को जम्मू से श्रीनगर के लिए हजारों छोटे-बड़े वाहनों को छोड़ा गया। हाईवे बहाल होने से यात्रियों को राहत मिली है। मौसम विभाग के अनुसार 11 अप्रैल से मौसम दोबारा खराब हो सकता है, लेकिन अगले चौबीस घंटों में राज्य में मौसम साफ रहेगा।
जम्मू से कश्मीर के लिए वीरवार तड़के हलके वाहनों को रवाना किया गया। इसमें अधिकांश यात्री वाहन शामिल रहे। इसके बाद ट्रकों और दूसरे बड़े वाहनों को छोड़ा गया। दिनभर हाईवे बहाल होने से एकतरफा यातायात जारी रहा। इस बीच मौसम साफ रहने से श्रीनगर और जम्मू में पारा चढ़ने लगा है। हालांकि यह सामान्य से अभी नीचे चल रहा है। जम्मू में वीरवार को दिन का अधिकतम तापमान 26.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, लेकिन रात के तापमान में अभी ठंडक बनी हुई है।
यहां न्यूनतम तापमान 15.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। श्रीनगर में दिन का अधिकतम तापमान 18.7 और न्यूनतम तापमान 8.8 डिग्री सेल्सियस रहा। लेह में दिन का अधिकतम तापमान 12.6 और न्यूनतम तापमान 1.1 डिग्री सेल्सियस रहा। मौसम साफ होने से उधमपुर, बटोत और रामबन के बीच क्षतिग्रस्त हुए हाईवे को दुरुस्त बनाने में मदद मिलेगी। दोनों तरफ से हाईवे न खुल पाने से लोगों को पूरी राहत नहीं मिल पा रही है। इसमें शेड्यूल के मुताबिक ही जम्मू और श्रीनगर दोनों ओर से एकतरफा यातायात छोड़ा जा रहा है।