फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जम्मू कश्मीर मे भारी बारिश, भूस्खलन से श्रीनगर हाइवे बंद

विज्ञापन
विज्ञापन
मानसून के आखिरी पड़ाव में रियासत में अचानक बदला मौसम आफत लेकर आया। पिछले चौबीस घंटे से घाटी और जम्मू संभाग के सभी जिलों में हल्की और तेज बारिश जारी है।
विज्ञापन


बटोत और रामबन के बीच कई जगह भूस्खलन से जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग बंद हो गया है। पहाड़ी जिलों में दर्जनों संपर्क मार्गों पर भी यातायात ठप है। आसमान से लगातार बरस रहे पानी से नदी नाले उफान पर हैं।

वैष्णो देवी चापर सेवा बाधित रही। बिजली-पानी सेवा बुरी तरह प्रभावित हुई है। ट्रेन सेवा पर भी असर पड़ा। हालांकि, हवाई सेवाएं सुचारु रहीं। 

मूसलाधार बारिश से मक्की और धान की तैयार फसल को नुकसान हुआ है। मौसम विभाग के अनुसार अगले 48 घंटों तक ऐसा ही मौसम बना रहेगा। जम्मू संभाग के कई इलाकों में भारी बारिश की चेतावनी दी गई है।
विज्ञापन

विज्ञापन

घाटी और अन्य पहाड़ी क्षेत्रों में ठंडक बढ़ी

बटोत और रामबन के बीच मंगलवार शाम साढ़े तीन बजे गांगरू, पंथाल, रामसू क्षेत्र में पहाड़ों से हुए भूस्खलन से राष्ट्रीय राजमार्ग बंद होने से दोनों ओर से सैकड़ों वाहन फंस गए हैं। बनिहाल और श्रीनगर के बीच स्थानीय यात्री बसें ही चल रही हैं।

रियासत की ग्रीष्मकालीन राजधानी श्रीनगर सहित घाटी के अन्य हिस्सों में गत सोमवार रात से लगातार बारिश हो रही है। श्रीनगर के लाल चौक, मगरमल बाग, महजूर नगर, एग्जीबीशन चौक आदि निचले इलाकों में जलभराव हो गया है।

मूसलाधार बारिश से श्रीनगर की झेलम, जम्मू के चिनाब, तवी, कठुआ के रंजीत, रावी दरिया और नदियों के जलस्तर पर नजर रखी जा रही है। पूरी रियासत में चौबीस घंटे से हो रही बारिश से तापमान गिर गया है।

घाटी और अन्य पहाड़ी क्षेत्रों में ठंडक बढ़ी है। कठुआ में शाम 4.30 बजे तक पिछले बारह घंटे में 72 मिलीमीटर बारिश हो चुकी थी। पर्वतीय इलाकों में 33 केवी लाइन से बिजली आपूर्ति ठप हो गई। उज्ज दरिया समेत भीनी, नाज, तलैन, प्रेया, टिरडी और अन्य छोटे नालों में भारी बाढ़ आ गई है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें