कटड़ा और रियासी के बीच सड़क के तत्काल सुधार के निर्देश
अमर उजाला ब्यूरो
रियासी। मुख्य सचिव डॉ. अरुण कुमार मेहता ने कहा कि रियासी में विश्व का सबसे ऊंचा रेल पुल स्थल पर्यटन स्थल के रूप में विकसित होगा। यह इंजीनियरिंग की अनूठी विशेषताओं से लैस होगा। इसकी दुनिया में कोई तुलना नहीं है और यह पेरिस के एफिल टॉवर से लगभग 29 मीटर ऊंचा है। मुख्य सचिव ने शनिवार को उपायुक्त रियासी और अन्य अधिकारियों के साथ रियासी जिले में ज्योतिपुरम के पास विश्व के सबसे ऊंचे स्टील आर्च रेल ब्रिज स्थल का निरीक्षण किया।
मुख्य सचिव ने कहा कि यह उपलब्धि अपने आप में हमारे देश के इंजीनियरों की क्षमता के बारे में बहुत कुछ बताती है और दूसरों के मनोबल को बढ़ाती है। यह नागरिकों के लिए गौरव की बात है और एक इस्पात स्मारक है। उन्होंने जिला प्रशासन को जोर देकर कहा कि इस विरासत को पर्यटन स्थल के रूप में बदलने के लिए सभी जरूरी कदम उठाए जाएं। यह स्थान पर्यटकों के लिए एक बड़ा आकर्षण बन सकता है।
उन्होंने संभागीय और जिला प्रशासन को रियासी से ब्रिज साइट तक सड़क के बेहतर रखरखाव के लिए उपाय करने का निर्देश दिया। जहां भी आवश्यकता हो, क्रैश बैरियर लगाए जाएं। कटड़ा और रियासी के बीच सड़क के तत्काल सुधार के निर्देश दिए गए। जिला रियासी में जम्मू-कश्मीर में सबसे अधिक पर्यटक आते हैं, जो हर साल लगभग एक करोड़ का आंकड़ा पार करते हैं। जिले में श्री माता वैष्णो देवी मंदिर, शिव खोड़ी, सलाल बांध, भीमगढ़ किला आदि जैसे कई प्रसिद्ध स्थल हैं, जो इन्हें राष्ट्रीय पर्यटन मानचित्र पर लाने के लिए इन्हें और विकसित करके अपनी क्षमता का दोहन करने का एक बड़ा अवसर प्रदान करते हैं।
चिनाब पर बना पुल 1315 मीटर लंबा
रियासी में चिनाब नदी पर बना पुल 1,315 मीटर लंबा (4,314 फुट) और नदी के तल से 359 मीटर ऊंचा (1,177 फुट) है। यह लोगों को हर मौसम में कनेक्टिविटी प्रदान करके कश्मीर घाटी को भारत के विशाल रेलवे नेटवर्क से जोड़ेगा। 119 किमी लंबी (73 मील) रेलवे परियोजना में 38 सुरंगें और 931 पुल शामिल हैं, जिनकी कुल लंबाई 13 किमी (8 मील) है, जो शक्तिशाली हिमालय में बसे इस उबड़-खाबड़ इलाके में रेलवे लिंक को संभव बनाती है।