जम्मू रेलवे स्टेशन पर महिलाओं के लिए अलग से आरक्षण टिकट काउंटर नहीं है, जिससे महिलाओं को खासा मुश्किलों से गुजरना पड़ रहा है। सांसद, विधायक, पत्रकार और वरिष्ठ नागरिकों के लिए बने टिकट काउंटर में ही महिलाओं को जगह दी गई है, जिससे इन दिनों लंबी लाइनों में वे घंटों खड़ी रहने को मजबूर हैं।
जानकारी के मुताबिक जम्मू रेलवे स्टेशन पर आरक्षण के लिए चार टिकट काउंटर हैं, जिसमें एक करेंट टिकट काउंटर है, जिसमें से एक भी महिलाओं के लिए अलग से कोई भी टिकट काउंटर नहीं है। दूसरी ओर आरक्षण काउंटरों के लिए पर्याप्त स्टाफ भी नहीं है। मात्र सात क्लेरिकल स्टाफसे आरक्षण का कार्य हो रहा है। बताया जा रहा है कि पहले से ही यहां से स्टाफ कटड़ा जा चुका है।
पहली अप्रैल से ही पेश बजट के आधार पर देश के हर रेलवे आरक्षण केंद्रों पर चार माह अग्रिम आरक्षण टिकट के लिए यात्रियों की भीड़ एकत्रित होने लगी है। जम्मू रेलवे स्टेशन में चार माह पहले टिकट आरक्षण कराने वालों की संख्या बढ़ रही है। अधिकारी बताते हैं कि नब्बे फीसदी आरक्षण इंटरनेट पर होने लगे हैं। पहली अप्रैल को काफी भीड़ रही, लेकिन दो अप्रैल को कम भीड़ रही।
पहली अप्रैल को जम्मू में 2364 अग्रिम आरक्षण
चार माह पहले टिकटों के अग्रिम आरक्षण कराने वालों की तादाद काफी देखी गई। पहली अप्रैल को 2364 अग्रिम आरक्षण करवाए गए। जम्मू रेलवे स्टेशन से देश के विभिन्न क्षेत्रों में जाने वाले यात्रियों ने अग्रिम टिकट के आरक्षण की सुविधा हासिल की, जिसमें सेना, एयरफोर्स और नौकरीपेशा के अलावा बाहरी राज्यों के श्रमिक शामिल रहे। पहली अप्रैल से पहले औसतन 1430 के करीब प्रतिदिन आरक्षण रेलवे स्टेशन के काउंटर से हो पाता था।