सरकार ने आम लोगों तक पहुंच बढ़ाने के लिए आईएएस और केएएस स्तर के प्रशासनिक सचिवों को लोगों की समस्याएं सुनने को तैनात किया है। प्रशासनिक सचिव शीतकालीन और ग्रीष्मकालीन राजधानी में हर माह दो दिन जनता को सुनेंगे। निर्धारित तिथि पर सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक लोगों को सुनकर उनकी समस्याओं का समाधान करने के प्रयास किए जाएंगे। इसके अलावा जम्मू-कश्मीर के बीस जिलों में संबंधित अधिकारी माह में एक बार वहां का दौरा करेंगे।
प्रशासनिक सचिवों को निर्धारित किए गए जिलों में अरुण कुमार मेहता को बारामूला, अटल डुल्लू को अनंतनाग, शालीन काबरा को शोपियां, धीरज गुप्ता को श्रीनगर, असगर हसन सामून को बांदीपोरा, नवीन कुमार चौधरी को सांबा, रोहित कंसल को पुलवामा, मनोज कुमार द्विवेदी को बड़गाम, हृदेश कुमार को राजोरी, सरिता चौहान को उधमपुर, खुर्शीद अहमद शाह को जम्मू, सौरभ भगत को रामबन, अजीत कुमार साहू को पुंछ, पंदुरंग कुंडबरारो पोले को डोडा, मंजूर अहमद लोन को कुपवाड़ा, शीतल नंदा को कठुआ, फारूक अहमद लोन को कुलगाम, तलत परवेज को किश्तवाड़, जुबेर अहमद को गांदरबल और अब्दुल मजीज भट्ट को रियासी जिला दिया गया है।