श्रीनगर। पुराने शहर के नौहट्टा इलाके में स्थित ऐतिहासिक जामिया मस्जिद और ईदगाह को छोड़कर पूरे कश्मीर में भारी संख्या में लोगों ने ईद-उल-अजहा की नमाज अदा की। जानकारी के अनुसार सबसे बड़ी सामूहिक नमाज़ हज़रतबल दरगाह में पढ़ी गई जहां हजारों की संख्या में पहुंचे। इसके अलावा श्रीनगर की दस्त-ए-गीर साहिब, खांका ए मौला और सैयद याकूब शाह के अलावा घाटी की अन्य मस्जिदों में विशेष नमाज अदा करने के लिए लोग इकट्ठा हुए। लोगों के अनुसार उन्होंने जम्मू कश्मीर के साथ साथ पूरे विश्व भर में शान्ति और अमन बहाली की दुआ की।
जम्मू-कश्मीर वक्फ बोर्ड की अध्यक्ष डॉ. सैयद दरख्शां अंद्राबी ने दरगाह हजरतबल में ईद की नमाज अदा की। इस दौरान डॉ. दरख्शां ने कहा कि वक्फ बोर्ड सूफी धार्मिक स्थलों को आदर्श आध्यात्मिक स्थानों में बदलने के अपने मिशन को जारी रखने के लिए प्रतिबद्ध है। इन तीर्थस्थलों को पर्याप्त सुविधाओं वाले स्थानों के रूप में विकसित करने के लिए एक मिशन मोड में है।
वहीं तीन पूर्व मुख्यमंत्रियों डॉ. फारूक अब्दुल्ला, उमर अब्दुल्ला और महबूबा मुफ्ती ने श्रीनगर की हजरतबल दरगाह में नमाज अदा की। कश्मीर रेंज के जम्मू कश्मीर पुलिस के आईजीपी वीके बिर्दी ने भी अपने संदेश में कहा कि यह शुभ अवसर सांप्रदायिक सद्भाव और भाईचारे के बंधन को मजबूत करेगा और यूटी में शांति, प्रगति और समृद्धि का अग्रदूत बनेगा। उन्होंने लोगों से साम्प्रदायिक सद्भाव, भाईचारे और मानवीय मूल्यों को बनाए रखने का आग्रह किया।