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Jammu News: धान की रोपाई से आमदनी बढ़ाई

Wed, 10 Jun 2026 02:25 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, जम्मू
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डीएसआर प्रणाली से धान की खेती को दर्शाते किसान के के शर्मा स्रोत संवाद
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एक एकड़ पर मिली 20 क्विंटल धान की उपज, प्रति क्विंटल 5 हजार की दर से की बिक्री
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महंगाई के बीच लागत घटाकर पेश किया अच्छी आय का मॉडल
राजीव सिंह लंगेह
अरनिया। क्षेत्र के किसान ने ऑर्गेनिक विधि से धान की रोपाई कर महंगाई के बीच लागत घटाकर अच्छी आय का मॉडल पेश किया है।किसान केके शर्मा ने पांच एकड़ जमीन पर डायरेक्ट सीड राइटिंग (डीएसआर) प्रणाली का इस्तेमाल किया। उन्होंने बताया कि डीएसआर पद्वति में प्रति एकड़ खर्च केवल 3,400 आता है जबकि पारंपरिक ट्रांसप्लांट प्रणाली में वही खर्च लगभग 21 हजार प्रति एकड़ है। इस अंतर ने उन्हें डीएसआर को अपनाने के लिए प्रेरित किया।
शर्मा ने कहा कि वे धान की 1121 नस्ल की रोपाई करते हैं। पिछले वर्ष डीएसआर से एक एकड़ पर 20 क्विंटल धान की उपज मिली थी। फसल ऑर्गेनिक थी और उन्होंने प्रति क्विंटल 5 हजार की दर से बिक्री की। इससे प्रति एकड़ अच्छा मुनाफा हुआ। पिछले साल के अनुभव के आधार पर उन्होंने इस बार पांच एकड़ पर डीएसआर अपनाई और क्षेत्र के पांच और किसानों को भी इस प्रणाली व ऑर्गेनिक खेती से जोड़ा है। उन्होंने कहा कि डीएसआर तेज बारिश व तूफान में फसल गिरने से रोकता है और उपज ट्रांसप्लांट प्रणाली की तुलना में अधिक होती है।
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कोट
डीएसआर से कुल खर्च घटता है। किसानों को इस प्रणाली पर भरोसा दिखाना चाहिए। हालांकि उन्होंने यह चुनौती भी उठाई कि क्षेत्र में सीड ड्रिल मशीनों की कमी है। इसकी वजह से डीएसआर का फैलाव बाधित हो रहा है।
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- अनिल कुमार, क्षेत्रीय अधिकारी
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मेरा लक्ष्य डीएसआर व ऑर्गेनिक खेती को अधिक किसानों तक पहुंचाना है। इससे कम खर्च में टिकाऊ और लाभकारी खेती का रास्ता खुलेगा। महंगाई के दौर में यह मॉडल सकारात्मक है। स्थानीय स्तर पर इसे अपनाने की जरूरत है।
- केके शर्मा, क्षेत्रीय किसान
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