अखनूर। जनगणना ड्यूटी पर गए सरकारी शिक्षक विक्रम चंद शर्मा का शव बुधवार को रणवीर नहर से बरामद होने के बाद शाम को अखनूर में उनका अंतिम संस्कार कर दिया गया। अंतिम यात्रा में बड़ी संख्या में स्थानीय लोग, शिक्षक वर्ग, प्रशासनिक अधिकारी और परिजन शामिल हुए। इस दौरान माहौल गमगीन रहा और लोगों ने नम आंखों से उन्हें अंतिम विदाई दी।
पुलिस के अनुसार, विक्रम चंद शर्मा पुत्र शाम पाल निवासी मवा करोरा, तहसील अखनूर, शिक्षा विभाग में शिक्षक के पद पर कार्यरत थे और इन दिनों जनगणना ड्यूटी में तैनात थे। पांच जून को वह ड्यूटी के लिए घर से निकले थे, लेकिन वापस नहीं लौटे। इसके बाद उनकी पत्नी शोभा रानी ने थाना अखनूर में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करवाई थी।
तलाशी अभियान के दौरान मंगलवार को उनकी मोटरसाइकिल रणवीर नहर के किनारे गुड़ा पत्तन क्षेत्र से बरामद हुई थी। इसके बाद पुलिस, एसडीआरएफ और परिजनों ने नहर में खोज अभियान तेज कर दिया। बुधवार सुबह बटेडा क्षेत्र में रणवीर नहर से उनका शव बरामद किया गया, जिसकी पहचान विक्रम चंद शर्मा के रूप में हुई। सूत्रों के अनुसार मृतक के मोटरसाइकिल से एक कथित सुसाइड नोट भी मिला है, जिसमें जनगणना ड्यूटी से जुड़े मानसिक दबाव और परेशानी का जिक्र होने की बात सामने आ रही है। हालांकि पुलिस ने इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है और मामले की जांच जारी है। विक्रम चंद शर्मा अपने पीछे पत्नी और लगभग 8 से 10 वर्ष के एक मासूम बेटे को छोड़ गए हैं। शिक्षक की असामयिक मृत्यु से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। क्षेत्र के लोगों और शिक्षकों ने घटना पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम करवाने के बाद परिजनों को सौंप दिया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के आधार पर मौत के कारणों का पता लगाया जाएगा।