वार्डवासियों ने प्रशासन से लगाई मरम्मत की गुहार
संवाद न्यूज एजेंसी
रामनगर। कस्बे के वार्ड नंबर-1 (चीगली चोरी क्षेत्र) में स्थित तीन प्राचीन बावलियों की खस्ताहाल स्थिति के कारण स्थानीय लोगों को स्वच्छ पेयजल नहीं मिल पा रहा है। वार्डवासियों ने प्रशासन और संबंधित विभाग से इन बावलियों की तत्काल मरम्मत और साफ-सफाई करवाने की मांग की है।
उल्लेखनीय है कि वार्ड में मौजूद तीनों प्राचीन बावलियों में आज भी पर्याप्त मात्रा में पानी उपलब्ध है लेकिन उनकी दयनीय हालत के कारण लोग वहां से पानी लेने से कतरा रहे हैं। बावलियों के आसपास झाड़ियां और घास उग आई हैं, जिससे न केवल उनकी सुंदरता प्रभावित हुई है बल्कि स्वच्छता पर भी सवाल खड़े हो गए हैं। इसके अलावा बावलियों के ऊपर बनी सुरक्षा दीवारें भी जर्जर हो चुकी हैं और कभी भी गिर सकती हैं जिससे हादसे की आशंका बनी हुई है।
वार्डवासी मोहिंद्र शर्मा, राज सिंह, केपी बंदराल, बलवीर, मदन गोपाल और हर्ष शर्मा का कहना है कि 15 वर्ष पहले स्थानीय लोग इन सभी बावलियों के पानी का इस्तेमाल करते थे। पिछले कई वर्षों से बावलियों की साफ-सफाई और मरम्मत का कार्य नहीं किया गया। इस बदहाली के कारण वार्डवासियों ने वहां से पानी लाना ही बंद कर दिया। कई बार लोगों ने खुद के स्तर पर बावलियों की सफाई करवाई है लेकिन प्रशासन की ओर से अभी तक कोई संज्ञान नहीं लिया गया।
वार्डवासियों ने बताया कि इस समय गर्मियों का मौसम शुरू होते ही क्षेत्र में पानी की समस्या और गंभीर हो गई है। वार्ड में लगा हैंडपंप भी पिछले कई दिनों से खराब पड़ा हुआ है, जिसकी मरम्मत अभी तक नहीं करवाई गई है। ऐसे में लोगों को पानी के लिए काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
लोगों ने मांग की है कि तीनों बावलियों की व्यापक सफाई, मरम्मत और सौंदर्यीकरण करवाया जाए ताकि वार्डवासियों को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध हो सके। उनका कहना है कि यदि इन बावलियों को पुनर्जीवित किया जाता है, तो न केवल वार्ड नंबर-1 बल्कि आसपास के अन्य क्षेत्रों के लोग भी इसका लाभ उठा सकेंगे।
हमारे वार्ड में तीन प्राचीन बावलियां हैं, लेकिन उनकी हालत इतनी खराब हो चुकी है कि लोग वहां से पानी लेने नहीं जाते। अगर विभाग समय रहते इनकी सफाई और मरम्मत करवाता, तो लोगों को पानी के लिए परेशान नहीं होना पड़ता।
- केपी बंदराल, वार्डवासी
वार्ड का हैंडपंप भी कई दिनों से खराब पड़ा है। कई बार विभाग को इसकी जानकारी दी गई, लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। भीषण गर्मी में लोगों की मुश्किलें लगातार बढ़ रही हैं।
- राज सिंह, वार्डवासी
बावलियों के आसपास झाड़ियां उगी हुई हैं और सुरक्षा दीवारें भी जर्जर हो चुकी हैं। यदि जल्द मरम्मत नहीं हुई तो कोई बड़ा हादसा हो सकता है। प्रशासन को इस पर तुरंत संज्ञान लेना चाहिए।
- महेंद्र शर्मा, वार्डवासी