जम्मू। नगर निगम की तरफ से बख्शी नगर फल मंडी को सोमवार रात सील करने के बाद खूब बवाल हुआ। नगर निगम ने रात एक बजे कार्रवाई करते हुए तारबंदी की और सील करने के पोस्टर चस्पा कर दिए। नगर निगम के अधिकारी पुलिस के साथ कार्रवाई कर ही रहे थे कि दुकानदार भी सूचना मिलने के बाद वहां पर पहुंच गए और नारेबाजी करने लगे। इस दौरान पुलिस ने दुकानदारों को शांत किया, लेकिन कार्रवाई जारी रही।
पुलिस की ओर से तारें न हटाने के सख्त आदेश भी दिए मगर सुबह दुकानदारों ने तारें हटाईं और सामान बेचना शुरू कर दिया। दोपहर तक यहां पर सामान बिकता रहा। दुकानदार उपायुक्त से भी मिले और यहां पर मंडी को बहाल करने की मांग की। दुकानदारों का तर्क रहा है कि आजादी के बाद से यहां पर फल बेच रहे हैं। नगर निगम एकदम कार्रवाई नहीं कर सकता। पहले नगर निगम को नोटिस देना जरूरी था मगर नहीं दिया। अचानक कार्रवाई कर दी। दुकानदारों के लाखों रुपये के फल मंडी में हैं। शाम तक मंडी पहले की तरह ही चलती रही है। आजादी से लेकर अब तक तो कोई समस्या नहीं आई मगर रात को मंडी बंद करने का फैसला क्यों लिया, समझ नहीं आया। मंडी के उत्थान के लिए नगर निगम को कार्रवाई करनी चाहिए। नगर निगम के अधिकारियों का कहना है कि मंडी अवैध रूप से चल रही है। इसकी अनुमति नहीं है।
कैसे बसी है मंडी
मंडी महेशपुरा चौक से केसी रोड में मिलने वाले रोड के रास्ते में बसी है। यहां पर करीब 25 से 30 स्टाल हैं। ओपन स्टाल के माध्यम से फल बेचे जाते हैं। कुल एक कनाल जमीन में मंडी है।
ये मंडियां हो चुकी हैं बंद
नगर निगम ने बागड़ मंडी छन्नी के बाद बख्शी नगर फल मंडी में कार्रवाई की है। तमाम मंडियां अवैध हैं। यहां पर मंडी लगाने की अनुमति नहीं है। छानबीन करने के बाद नगर निगम ने मंडी को सील किया।
कितने लोगों को मिला है रोजगार
मंडी में कुल 25 से 30 दुकानदार हैं। हर दुकानदार से एक से दो आदमियों को रोजगार मिला है। कुल 100 से ज्यादा लोग लाभान्वित होते हैं और अपने परिवार का पालन पोषण करते हैं।
क्या कहते हैं व्यापारी
आजादी के बाद से स्टाल में फल बेच रहे हैं। रात को अचानक कार्रवाई की गई। इसकी निंदा की जाती है। पहले नोटिस भेजना चाहिए था। कार्रवाई देखकर होश उड़ गए।
-राज कुमार, दुकानदार
लाखों रुपये की फसल मंडी में थी। नगर निगम ने कार्रवाई कर सीज कर दी है। फल सड़े न इसके लिए सुबह तारों को हटाया गया और फलों को बेचना शुरू किया गया।
- दीपक, दुकानदार
उपायुक्त से मिलने के लिए कारोबारी गए हैं। उपायुक्त जो फैसला करेंगे, माना जाएगा। नगर निगम ने सामान ही सीज कर दिया था। रात को इसका काफी विरोध किया गया है।
- धर्म वीर, दुकानदार
लोगों को मुश्किल से रोजगार मिला है। नगर निगम को जगह मुहैया करवाने के बाद कार्रवाई करनी चाहिए थी। दुकानदारों को राहत दी जाए।
- राज कुमार, दुकानदार
कोट
अवैध रूप से चल रही मंडियों को सीज किया जा रहा है। बख्शी नगर में भी कार्रवाई की गई है। तारबंदी कर दी गई है। नियमों के अनुसार कार्रवाई की जा रही है।
- लाल सिंह, डीसी राजस्व, नगर निगम