श्रीनगर में आतंकी संगठनों में भर्ती होने वाले युवाओं की तादाद तेजी से बढ़ी है। इस साल अब तक 110 स्थानीय युवाओं ने आतंक का दामन थामा है। कई युवा आईएसआईएस-कश्मीर तथा अल कायदा के अंसार गज्वातुल हिंद में भी शामिल हुए हैं।
सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार सबसे अधिक 28 युवा आतंकवाद ग्रस्त दक्षिणी कश्मीर के शोपियां जिले में भर्ती हुए हैं। पिछले साल 126 युवा आतंकी संगठन में भर्ती हुए थे। यह वर्ष 2010 के बाद से सबसे अधिक रहा। अभी साल के समाप्त होने में पांच महीने का समय बाकी है। ऐसे में माना जा रहा है कि आतंकियों की भर्ती की संख्या पिछले साल से काफी अधिक हो सकती है।
सुरक्षा एजेंसियों से जुड़े अधिकारियों का कहना है कि दक्षिणी कश्मीर के शोपियां, पुलवामा, अनंतनाग, कुलगाम व अवंतीपोरा में सबसे अधिक युवाओं की भर्ती हो रही है। इन पांच क्षेत्रों में 91 युवाओं ने विभिन्न आतंकी संगठनों का दामन थामा है। अधिकारियों का कहना है कि पिछले महीने राज्यपाल शासन लगने के बाद युवाओं की भर्ती में कमी आई है, लेकिन अब भी युवा भर्ती हो रहे हैं।
पढ़े लिखे भी हो रहे भर्ती
आतंकी संगठनों में पढ़े लिखे युवा भी भर्ती हो रहे हैं। तहरीक ए हुर्रियत के चेयरमैन मोहम्मद अशरफ सेहरई के पुत्र तथा एमबीए डिग्रीधारक जुनैद अशरफ सेहरई, अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के रिसर्च स्कालर कुपवाड़ा निवासी मन्नान बशीर वानी ने भी दामन थामा। गांदरबल के युवा रऊफ के भी आतंकी संगठन में शामिल होने की पुष्टि उसके सोशल मीडिया पर वायरल फोटो के बाद हो गई है। वह सरकारी पालीटेक्निक कालेज में डिप्लोमा कोर्स में चौथे सेमेस्टर में था।