पीस फोरम ने सरकार से यह अपील की है कि विस्थापित कश्मीरी नागरिकों के लिए मुफ्त या सब्सिडी पर भूमि आवंटन किया जाए जिससे पुनर्वास नीति को शीघ्रता से लागू किया जा सके और इन परिवारों की अपने पुश्तैनी घरों में वापसी को तेज किया जा सके।
फोरम ने 419 विस्थापित परिवारों की सूची भी प्रस्तुत की है, जिन्हें तुरंत सहायता की आवश्यकता है। यह सूची उन परिवारों को प्राथमिकता देने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है जो सुरक्षित वापसी और पुनर्वास के लिए सबसे अधिक आवश्यकता में हैं। जम्मू कश्मीर पीस फोरम विस्थापित व्यक्तियों और परिवारों के साथ अपनी गहरी एकजुटता और समर्थन व्यक्त करता है। विस्थापन केवल एक भौतिक समस्या नहीं है, बल्कि यह एक गहरी मानवीय त्रासदी है। विस्थापित परिवारों द्वारा सहन की गई पीड़ा और दुख केवल आंकड़े नहीं हैं, बल्कि ये वास्तविक मानव जीवन को दर्शाते हैं। हम उनके घरों में लौटने और सम्मान और सुरक्षा के साथ जीवन जीने के अधिकार के पक्ष में खड़े हैं।