अरनिया में एक हफ्ते में सीजफायर सहित घुसपैठ के प्रयास की हो चुकी हैं घटनाएं
सीमावर्ती क्षेत्र में अलर्ट, अभी फसल कटाई में लगने से करीब 15 दिन
संवाद न्यूज एजेंसी
अरनिया। अरनिया सेक्टर में एक सप्ताह में सीजफायर के उल्लंघन सहित घुसपैठ के प्रयास की पाकिस्तान की ओर से दो हरकतें हो चुकी हैं। इस कारण सीमावर्ती क्षेत्र के किसान चिंतित हैं और जल्द से जल्द धान की फसल को समेटने में जुटे हुए हैं। किसानों के अनुसार अभी भी फसल समेटने में करीब 10-15 दिन का समय और लगेगा। पाकिस्तान का विश्वास नहीं किया जा सकता है। वह हर बार फसल पकने के समय किसानों को नुकसान पहुंचाने की फिराक में रहता है।
गांव चंगिया के किसान सतपाल भगत और आल्हा के किसान लवली सिंह ने बताया कि दो बार गोलीबारी की घटना सामने आने के बाद किसान चिंतित हो गए हैं। धान की फसल समय से पहले समेटने में जुट चुके हैं। पहले भी कई बार सीमा पर सीजफायर उल्लंघन होने के चलते किसानों की फसल बर्बाद हो चुकी है। इसलिए किसानों को चिंता सता रही है। कहीं फिर से वही दौर वापिस न आ जाए। बॉर्डर पर गोलीबारी के जख्म अभी तक भरे नहीं है। क्षेत्र में बासमती की फसल होती है, जिसकी कटाई में अभी समय लगेगा। किसानों के अनुसार बॉर्डर पर जब भी गोलीबारी की घटना होती है, तो पूरे इलाके में हाई अलर्ट कर दिया जाता है। ज्यादातर पाकिस्तान की तरफ से बॉर्डर पर फसल काटने के वक्त माहौल खराब करने की कोशिश रहती है, ताकि घुसपैठ करवाने के साथ वह सीमावर्ती लोगों को तंग कर सकें। गौरतलब रहे कि मंगलवार को विक्रम पोस्ट पर पाकिस्तान की तरफ से फायरिंग की गई थी, जिसमें सीमा सुरक्षा बल के दो जवान जख्मी हुए थे। दूसरा मामला शनिवार दोपहर को चिनाज पोस्ट पर सामने आया था, जिसमें कुछ लोग फेंसिंग के नजदीक आ गए थे। घुसपैठ की आशंका को देखते हुए जवानों ने हवाई फायरिंग की थी।