जम्मू-कश्मीर के राजोरी के थन्नामंडी के देरा की गली (डीकेजी) स्थित सेना की 38 आरआर में तैनात मेजर की संदिग्ध परिस्थितियों में सिर में गोली लगने से मौत हो गई। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के बाद अन्य औपचारिकताएं पूरी कर सेना को सौंप दिया।
पुलिस के अनुसार रविवार की रात कंपनी कमांडर मेजर विनीत गुलिया अपने कमरे में सोने चले गए थे। सोमवार सुबह करीब 6 बजे जब उनका अर्दली उन्हें जगाने आया तो कमरा बंद था। दरवाजा तोड़ कर देखा तो मेजर खून से लथपथ पड़े थे।
उनके पास एके-47 पड़ी थी। तत्काल पुलिस को सूचना दी गई। मेजर को अस्पताल पहुंचाया। जहां डॉक्टरों ने मृत लाया करार दे दिया। बताया जा रहा है कि हरियाणा के झज्जर निवासी मेजर विनीत का 2 माह पहले विवाह हुआ था।
वह 29 सितंबर को ही छुट्टी काट कर लौटे थे। इस बीच मेजर को किसी प्रकार की उलझन या परेशानी में भी नहीं देखा गया और वह अपना कामकाज भी ठीक से कर रहे थे। बताया जा रहा है कि मेजर के स्थानीय लोगों के साथ भी काफी अच्छे रिश्ते थे और लोग उन्हें बहुत आदर सम्मान देते थे।